#धर्म और ज्योतिषी

KamalKishorAwasthi Bolkar App
Top Speaker,Level 55
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Unknown
1:02
सवाल ही धर्म ग्रंथों के अनुसार परिक्रमा हमेशा दाहिने हाथ की ओर से ही क्यों की जाती है बानी हाथ की ओर से क्यों नहीं की जाती है देखिए शास्त्रों में बताया गया है कि देव मूर्ति की परिक्रमा सदैव दाएं हाथ की ओर से आरंभ करनी चाहिए क्योंकि दैवीय शक्ति के आभामंडल की गति दक्षिणावर्ती होती है वही बाएं हाथ की ओर से परिक्रमा करने पर दैवीय शक्ति के ज्योतिर मंडल की गति और हमारी अंदर विद्यमान दिव्य परमाणु में टकराव पैदा होता है जिससे हमारा पेज नष्ट हो जाता है जाने-अनजाने की गई उनकी परिक्रमा का हमें दूध परिणाम भुगतना ही पड़ता है इसलिए इस बात का याद रखें कि हमेशा परिक्रमा दाहिनी तरफ से ही करें धन्यवाद
Savaal hee dharm granthon ke anusaar parikrama hamesha daahine haath kee or se hee kyon kee jaatee hai baanee haath kee or se kyon nahin kee jaatee hai dekhie shaastron mein bataaya gaya hai ki dev moorti kee parikrama sadaiv daen haath kee or se aarambh karanee chaahie kyonki daiveey shakti ke aabhaamandal kee gati dakshinaavartee hotee hai vahee baen haath kee or se parikrama karane par daiveey shakti ke jyotir mandal kee gati aur hamaaree andar vidyamaan divy paramaanu mein takaraav paida hota hai jisase hamaara pej nasht ho jaata hai jaane-anajaane kee gaee unakee parikrama ka hamen doodh parinaam bhugatana hee padata hai isalie is baat ka yaad rakhen ki hamesha parikrama daahinee taraph se hee karen dhanyavaad

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DR.OM PRAKASH SHARMA Bolkar App
Top Speaker,Level 44
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Principal, RSRD COLLEGE OF COMMERCE AND ARTS
1:07
धर्म ग्रंथों के अनुसार परिक्रमा मिटा देंगे हाथ जोड़ चाहिए क्योंकि आती है बाएं हाथ की ओर से सोने की जाती है वास्तव में हर शुभकामनाएं दाहिना हाथ ही उपयोग में आते हैं बाएं हाथ का उपयोग क्यों काम नहीं होता क्योंकि बाएं हाथ को अंकिता का प्रतीक माना जाता है और दूसरा दाएं तरफ से घूमने पर मनिया की और बाएं हाथ से घूमने पर वह जो है पूरी कीजिए पर इतना खुल जाती है प्रीत नागपुरी करने पर माना जाता है कि आपने ग्राउंड पूरा कर लिया और अगर उसी को बाय नाचेंगे दौरा जो मांगू ना करार लूटने बंटी चली जाती है
Dharm granthon ke anusaar parikrama mita denge haath jod chaahie kyonki aatee hai baen haath kee or se sone kee jaatee hai vaastav mein har shubhakaamanaen daahina haath hee upayog mein aate hain baen haath ka upayog kyon kaam nahin hota kyonki baen haath ko ankita ka prateek maana jaata hai aur doosara daen taraph se ghoomane par maniya kee aur baen haath se ghoomane par vah jo hai pooree keejie par itana khul jaatee hai preet naagapuree karane par maana jaata hai ki aapane graund poora kar liya aur agar usee ko baay naachenge daura jo maangoo na karaar lootane bantee chalee jaatee hai

Pradumn kumar Vajpayee Bolkar App
Top Speaker,Level 44
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Bijneas9369174848
1:03
धर्म ग्रंथों के अनुसार परिक्रमा हमेशा दाहिने हाथ की ओर से ही क्यों की जाती है बाएं हाथ की ओर से क्यों नहीं इस कानून कारण यह होता है कि मंदिरों में लगातार पूजा मंत्र और जाट होते रहते हैं जिसकी वजह से मंदिर और प्रतिमा के आसपास सकारात्मक ऊर्जा का घेरा बन जाता है होता है जान लेना चाहिए ऊर्जा उत्तर से दक्षिण की ओर प्रवाहित होती है इस कारण वक्त दाहिने या सीधे हाथ की ओर से परिक्रमा को शुरू किया जाता है इसका मूल कारण यही होता है कुल मिलाकर कहने का मतलब यह है लगातार पूजा मंत्र जाप और घंटियां बजने के कारण एक ऊर्जा का सकारात्मक घेरा तैयार होता है और ऊर्जा उत्तर से दक्षिण की ओर प्रवाहित होती है इसी कारण परिक्रमा किया जाता है धन्यवाद
Dharm granthon ke anusaar parikrama hamesha daahine haath kee or se hee kyon kee jaatee hai baen haath kee or se kyon nahin is kaanoon kaaran yah hota hai ki mandiron mein lagaataar pooja mantr aur jaat hote rahate hain jisakee vajah se mandir aur pratima ke aasapaas sakaaraatmak oorja ka ghera ban jaata hai hota hai jaan lena chaahie oorja uttar se dakshin kee or pravaahit hotee hai is kaaran vakt daahine ya seedhe haath kee or se parikrama ko shuroo kiya jaata hai isaka mool kaaran yahee hota hai kul milaakar kahane ka matalab yah hai lagaataar pooja mantr jaap aur ghantiyaan bajane ke kaaran ek oorja ka sakaaraatmak ghera taiyaar hota hai aur oorja uttar se dakshin kee or pravaahit hotee hai isee kaaran parikrama kiya jaata hai dhanyavaad

Umesh Upaadyay Bolkar App
Top Speaker,Level 33
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Life Coach | Motivational Speaker
1:55
देखिए जब हम sc-st को देखते हैं और 8211 तरीके से चलती है इस सृष्टि में परफेक्ट और बहुत फाइंड ज्योमेट्री होती हैं अगर आप थोड़ा फिजिक्स को देखेंगे जानेंगे तो आप देखेंगे कि विज्ञान का बहुत बड़ा हाथ होता है किसी भी चीज में क्या होता है इससे एलाइनमेंट का पता चलता है इससे पता चलता है कि लो ऑफ एनर्जी कैसी होती है तो कई सारी चीजों में आता जाता राइट हैंड से ऐसे कर रहे हैं क्लॉक वाइज कर रहे हैं तो उसके पीछे भी नहीं जाने आप सोच कर देखिए क्लॉक आपका जो खड़ी है क्यों नहीं घूमती हो जाती है हर चीज के पीछे होता है लॉजिक होता है और सिंपल रोचक और रीजन यही है कि जिस तरीके से हर जगह हमें फाइंड ज्योमेट्री मिलती है हमें पता होता है अब सोच कर देखेंगे भाई सूरज के चारों तरफ से पृथ्वी चक्कर काटती है बाकी ग्रह चक्कर काटते हैं प्लानेट तो किस तरीके से चक्कर काटते हैं क्या वह क्लॉक वाइज एंटी क्लॉक वाइज है आपको आंसर आपको आंसर जरूर मिल जाएगा समझ आ जाएगा कि ऐसा क्यों है तो इसीलिए हमारे जो रिचुअल है चाहे वह आरती करने का हो परिक्रमा करने का हो आप देखेंगे कि उसको इस तरीके से बनाए गए लॉजिक नहीं है कि क्योंकि अधिकतर लोग right-handed है इसलिए वह राइट हैंड से करते हैं और ऐसा करना चाहिए जी नहीं यह नहीं है यह सारी चीजें हमेशा इनसे आइसोमेट्री से आज तरीके से सृष्टि रची गई है उन उन प्रिंसिपल्स के आधार पर ही निर्धारित की गई हैं और इसमें है ना उसी का बड़ा खेलों का महत्व है बहुत सारी बातें हैं जिस कारण से हम ऐसा करते हैं ना कि हम anti-clockwise उल्टा करें सोच कर देखेगा
Dekhie jab ham sch-st ko dekhate hain aur 8211 tareeke se chalatee hai is srshti mein paraphekt aur bahut phaind jyometree hotee hain agar aap thoda phijiks ko dekhenge jaanenge to aap dekhenge ki vigyaan ka bahut bada haath hota hai kisee bhee cheej mein kya hota hai isase elainament ka pata chalata hai isase pata chalata hai ki lo oph enarjee kaisee hotee hai to kaee saaree cheejon mein aata jaata rait haind se aise kar rahe hain klok vaij kar rahe hain to usake peechhe bhee nahin jaane aap soch kar dekhie klok aapaka jo khadee hai kyon nahin ghoomatee ho jaatee hai har cheej ke peechhe hota hai lojik hota hai aur simpal rochak aur reejan yahee hai ki jis tareeke se har jagah hamen phaind jyometree milatee hai hamen pata hota hai ab soch kar dekhenge bhaee sooraj ke chaaron taraph se prthvee chakkar kaatatee hai baakee grah chakkar kaatate hain plaanet to kis tareeke se chakkar kaatate hain kya vah klok vaij entee klok vaij hai aapako aansar aapako aansar jaroor mil jaega samajh aa jaega ki aisa kyon hai to iseelie hamaare jo richual hai chaahe vah aaratee karane ka ho parikrama karane ka ho aap dekhenge ki usako is tareeke se banae gae lojik nahin hai ki kyonki adhikatar log right-handaid hai isalie vah rait haind se karate hain aur aisa karana chaahie jee nahin yah nahin hai yah saaree cheejen hamesha inase aaisometree se aaj tareeke se srshti rachee gaee hai un un prinsipals ke aadhaar par hee nirdhaarit kee gaee hain aur isamen hai na usee ka bada khelon ka mahatv hai bahut saaree baaten hain jis kaaran se ham aisa karate hain na ki ham anti-chlochkwisai ulta karen soch kar dekhega

Archana Mishra Bolkar App
Top Speaker,Level 22
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Housewife
0:35
फ्रेंड स्वागत है आपका आपका बेस्ट है धर्म ग्रंथों के अनुसार परिक्रमा हमेशा दाहिने हाथ की ओर से क्यों की जाती है बाए हाथ की कोशिश क्यों नहीं की जाती तो फ्रेंड से दाहिने हाथ की तरफ से हैप्पी शुभ माना जाता है परिक्रमा करना आरती करना पूजा करना था तो दाहिना हाथ शुभ होता है दाहिने हाथ से हम खाना खाते हैं सारे कार्य करते हैं और हमारी हिंदू मान्यताओं के अनुसार धन दाहिने हाथ को ही शुभ माना गया है बाएं हाथ को अशुभ माना जाता है इसलिए दाहिने हाथ के अनुसार और परिक्रमा ही करते हैं धन्यवाद

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