#भारत की राजनीति

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क्या सरकारी नौकरी अब आलसी और कामचोर लोगों के लिए है?

Kya Sarkari Naukri Ab Alsi Aur Kamchor Logo Ke Lie Hai
Archana Mishra Bolkar App
Top Speaker,Level 22
सुनिए Archana जी का जवाब
Housewife
0:46
हेलो दोस्तों स्वागत है आपका दोस्त आपको सवाल के सरकारी नौकरी वालों से और कमजोर लोगों के लिए नहीं दोस्तों ऐसी बात नहीं है पहली बात तो सरकारी नौकरी मिली नहीं रही हैं लेकिन सरकारी नौकरी आलसी और कामचोर लोगों को तो बिल्कुल भी नहीं मिलेंगी और जिसे काम चोरी करना है वह प्राइवेट नौकरी में रहते हुए भी काम चोरी कर ही लेता है इसलिए मैं तो व्यक्ति का नेचर होता है कोई कामचोर और आलसी होता है लेकिन सरकारी नौकरी तो बहुत अच्छी होती है उस शिक्षक कोई नौकरी नहीं होती सरकारी नौकरी से अब आपकी जीवन से आपकी लाइफ सेटल हो जाती है और आपको पैसों की तंगी नहीं रहती है इसलिए आलसी और कामचोर लोग तो आपको हर फील्ड में मिल जाएंगे 6 सरकारी हो जाए प्राइवेट तो दो जवाब अच्छे लगे तो प्लीज लाइक करें धन्यवाद
Helo doston svaagat hai aapaka dost aapako savaal ke sarakaaree naukaree vaalon se aur kamajor logon ke lie nahin doston aisee baat nahin hai pahalee baat to sarakaaree naukaree milee nahin rahee hain lekin sarakaaree naukaree aalasee aur kaamachor logon ko to bilkul bhee nahin milengee aur jise kaam choree karana hai vah praivet naukaree mein rahate hue bhee kaam choree kar hee leta hai isalie main to vyakti ka nechar hota hai koee kaamachor aur aalasee hota hai lekin sarakaaree naukaree to bahut achchhee hotee hai us shikshak koee naukaree nahin hotee sarakaaree naukaree se ab aapakee jeevan se aapakee laiph setal ho jaatee hai aur aapako paison kee tangee nahin rahatee hai isalie aalasee aur kaamachor log to aapako har pheeld mein mil jaenge 6 sarakaaree ho jae praivet to do javaab achchhe lage to pleej laik karen dhanyavaad

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क्या सरकारी नौकरी अब आलसी और कामचोर लोगों के लिए है?Kya Sarkari Naukri Ab Alsi Aur Kamchor Logo Ke Lie Hai
Vikas Sharma Bolkar App
Top Speaker,Level 11
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Student
0:40
उस वाले की क्या सरकारी नौकरी अब आलसी और कमजोर लोगों के लिए हैं मेरे ख्याल से फ्रेंडशिप बाकी खराब है आपकी और शेयर कमजोर लोगों की सरकारी नौकरी सेंड ना तो आज की रैना कमजोर के लिए सरकारी नौकरी उस व्यक्ति के लिए जो जो फ्रेंड्स परीक्षा में लगा रहेगा परीक्षण करेगा और से बहुत ज्यादा मेहनत करेगा दिमाग लगाएगा तब जाकर उसके सरकारी नौकरी मिलेगी टेंशन उसको सरकारी नौकरी नहीं मिलेगी बोलता उच्चतम जरूरत क्या मतलब हो गया 60 साल से कमजोर तो फिर इतने सालों से कमजोर तो दूर कर नौकरी नहीं मिलेगी उसको मिलेगी सरकारी नौकरी करेगा फ्रेंड्स अगर आप कॉलेज लगा हो तो प्लीज लाइक कर देना जय हिंद जय भारत
Us vaale kee kya sarakaaree naukaree ab aalasee aur kamajor logon ke lie hain mere khyaal se phrendaship baakee kharaab hai aapakee aur sheyar kamajor logon kee sarakaaree naukaree send na to aaj kee raina kamajor ke lie sarakaaree naukaree us vyakti ke lie jo jo phrends pareeksha mein laga rahega pareekshan karega aur se bahut jyaada mehanat karega dimaag lagaega tab jaakar usake sarakaaree naukaree milegee tenshan usako sarakaaree naukaree nahin milegee bolata uchchatam jaroorat kya matalab ho gaya 60 saal se kamajor to phir itane saalon se kamajor to door kar naukaree nahin milegee usako milegee sarakaaree naukaree karega phrends agar aap kolej laga ho to pleej laik kar dena jay hind jay bhaarat

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क्या सरकारी नौकरी अब आलसी और कामचोर लोगों के लिए है?Kya Sarkari Naukri Ab Alsi Aur Kamchor Logo Ke Lie Hai
Pt. Rakesh  Chaturvedi ( Tally Trainer | Tax - Investment -Consultant | Bolkar App
Top Speaker,Level 33
सुनिए Pt. जी का जवाब
Tally Trainer | Tax - Investment -Consultant |
1:55
उसका दोस्तों प्लस नहीं क्या सरकारी नौकरी अब आलसी और कामचोर लोगों के लिए है नहीं दोस्तों ऐसा कहना बिल्कुल गलत है बहुत सारे लोग यूपीएससी की तैयारी करते हैं और उनके जेहन में रहता है कि मेरे को एक अफसर बनना है लाल बत्ती की गाड़ी लेनी है तो उसमें आलस मन नहीं होता बहुत सारे आप ऐसे नौकरियां देख लेंगे जिसमें की हालत से हो ही नहीं सकता जैसे कि पुलिस की नौकरी है समाज सेवा है जैसे डॉक्टर से दिनभर अपने कार्य में लगे रहते हैं लेकिन बहुत सारे ऐसी सरकारी नौकरियां होती हैं जो वहां पर माहौल ऐसा होता है वह आलस्य पन बिल्कुल बना देता है कामचोर बना देता है आप कभी भी आप नहीं कह सकते कि लोगों से गर्म चाय से बात करेंगे लंच में भी देखेंगे वह सैलेरी इंक्रीमेंट की बात करते रहते हैं कभी काम के बारे में बात नहीं करेंगे और वहां निश्चित रूप से हालत बनाई जाता है लेकिन बहुत सारे से डिपार्टमेंट का रजिस्ट्री में नौकरी लगी है कहीं आप की तो आपको हमेशा सजग रहना पड़ता है आप ऐसे ही कंपेयर कर सकने दिल्ली पार्लियामेंट पर साइड में जाइए सारे कानून पालन किए जाते हैं बारोट सफाई मिलेगी कहीं गैरकानूनी कोई चीज नहीं होगी और उसको छोड़ कर आप देखिए कहीं हर क्षेत्र में पार्किंग उल्टी सीधी जिला के सारे गैर कानूनी काम क्योंकि वहां पर सरकारी नौकरियों वालों को ज्यादा डर नहीं रहता खानापूर्ति कोई असर नहीं था तभी कार्य करते हैं तो ऐसी बहुत सारी सरकारी नौकरी जिसमें आराम से आओ जाओ हो जाता इसके अंदर और एक सबसे बड़ी है कि जॉब सिक्योरिटी होती है उसे पता है कि कुछ भी हो जाएगा निकाला नहीं जा सकता है तो ऐसा बहुत लोग सोचते हैं कि सरकारी नौकरी चपरासी के लोग जाएगी तो कम से कम सुंदर रिश्ता लेकिन का मिलने लगेगा दान दहेज में लगेगा तो यह कुछ आकर्षण हैं जो सबसे जरा आकर्षण है जॉब सिक्योरिटी की आकर्षण है जैसे कि अब लॉकडाउन में भी देख सकते हैं बहुत सारे प्राइवेट नौकरी गई है और जो है सैलरी नहीं मिलती है लेकिन सरकारी नौकरी वालों को कोई ऐसी मुसीबत का सामना नहीं करना पड़ता है धन्यवाद
Usaka doston plas nahin kya sarakaaree naukaree ab aalasee aur kaamachor logon ke lie hai nahin doston aisa kahana bilkul galat hai bahut saare log yoopeeesasee kee taiyaaree karate hain aur unake jehan mein rahata hai ki mere ko ek aphasar banana hai laal battee kee gaadee lenee hai to usamen aalas man nahin hota bahut saare aap aise naukariyaan dekh lenge jisamen kee haalat se ho hee nahin sakata jaise ki pulis kee naukaree hai samaaj seva hai jaise doktar se dinabhar apane kaary mein lage rahate hain lekin bahut saare aisee sarakaaree naukariyaan hotee hain jo vahaan par maahaul aisa hota hai vah aalasy pan bilkul bana deta hai kaamachor bana deta hai aap kabhee bhee aap nahin kah sakate ki logon se garm chaay se baat karenge lanch mein bhee dekhenge vah saileree inkreement kee baat karate rahate hain kabhee kaam ke baare mein baat nahin karenge aur vahaan nishchit roop se haalat banaee jaata hai lekin bahut saare se dipaartament ka rajistree mein naukaree lagee hai kaheen aap kee to aapako hamesha sajag rahana padata hai aap aise hee kampeyar kar sakane dillee paarliyaament par said mein jaie saare kaanoon paalan kie jaate hain baarot saphaee milegee kaheen gairakaanoonee koee cheej nahin hogee aur usako chhod kar aap dekhie kaheen har kshetr mein paarking ultee seedhee jila ke saare gair kaanoonee kaam kyonki vahaan par sarakaaree naukariyon vaalon ko jyaada dar nahin rahata khaanaapoorti koee asar nahin tha tabhee kaary karate hain to aisee bahut saaree sarakaaree naukaree jisamen aaraam se aao jao ho jaata isake andar aur ek sabase badee hai ki job sikyoritee hotee hai use pata hai ki kuchh bhee ho jaega nikaala nahin ja sakata hai to aisa bahut log sochate hain ki sarakaaree naukaree chaparaasee ke log jaegee to kam se kam sundar rishta lekin ka milane lagega daan dahej mein lagega to yah kuchh aakarshan hain jo sabase jara aakarshan hai job sikyoritee kee aakarshan hai jaise ki ab lokadaun mein bhee dekh sakate hain bahut saare praivet naukaree gaee hai aur jo hai sailaree nahin milatee hai lekin sarakaaree naukaree vaalon ko koee aisee museebat ka saamana nahin karana padata hai dhanyavaad

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क्या सरकारी नौकरी अब आलसी और कामचोर लोगों के लिए है?Kya Sarkari Naukri Ab Alsi Aur Kamchor Logo Ke Lie Hai
Dr.Nitin Pawar, D.M S.(Management) Bolkar App
Top Speaker,Level 33
सुनिए Dr.Nitin जी का जवाब
Kisan,Journalist,Marathi Writer, Social Worker,Political Leader.
5:10
सरकारी नौकरी अब आलसी और कामचोर उन लोगों के लिए है इसके ऐसी अवस्था बनाई गई है बनी हुई है आज अधिकारी वर्ग हफ्ते में 2 दिन आता है और बाकी के लोगों को कोई क्या प्रॉब्लम हो गया तो उसको फोन करने के लिए बता देता है क्या साहब मीटिंग के लिए गए हैं आज नहीं मिलेंगे और आगे 2 दिन तक भी नहीं मिलेंगे डायरेक्ट सोमवार को मिलेंगे अंगूठी जो प्रेजेंस एजेंसी है वह तो खुद ही लगा लेते हैं और उनको ना कोई पूछने वाला है अगर है भी कई कार्यकर्ता तो वह कार्यकर्ताओं में भी 90 परसेंट मैरिज होने होने वाली होते हर पार्टी के सामाजिक कार्यकर्ता जो अपने आपको बता दें तो ऐसा एक गोरखधंधा चल रहा है सारी क्षेत्रों में चल रहा है सरकारी क्षेत्रों में भी तो बहुत सारा आरंभ और आलस्य भर जाता है इन लोगों में और कल भी इनके ऑफिस में कुछ काम करने के लिए गए तो वह नकारात्मक की शुरुआत करेंगे और अगर पहले से कांटेक्ट हो हुकुम कुछ लंदन के का मामला होता है तो पूरी ठीक दिमाग ठिकाने पर रखकर वह काम पूरा करते हैं बाकी जो ऐसे आते हैं जो अनपढ़ दिखाई देते हैं ग्रामीण ग्रामीण दिखाई देते हैं तो उनको 5577 बार चक्कर लगाने के लिए है यह डॉक्यूमेंट नहीं है यह लोग एक साथ सभी नहीं बताएंगे हर वक्त एक ही बताएंगे आखिर वह थक जाता है और उसको वहीं पर ऑफिस क्या है सराउंडिंग एरिया में कोई पेयजल मिल जाता है और वह काम कर देता है और बहुत सारे ऐसे कार्यकर्ता भी है महाराष्ट्र के अंदर जिन्होंने ऑफिसर लोगों की कुर्सी से कुर्सी से उठाकर पटक दिया है जैसे कामदार है वह किसान आंदोलन के लिए भी गए थे आमदार बच्चू कडू नागपुर से उधर से बिलॉन्ग करते हैं उनका नाम लेते ही अधिकारी भयभीत हो जाते हैं ऐसे लोग प्रतिनिधि भी होने चाहिए और ऐसे कार्यकर्ता और आम नागरिक भी जो है उन्होंने व्यापक और बाकी जो कानून जिसे है उसका इस्तेमाल करके ऐसे आलसी और कामचोर और हम लोगों को काम पर लगाना चाहिए अगर वह जनता भी जनता ही ऐसा सोचती है कि कुछ जरूरी काम हो सकता है और उसकी तैयारी ही करके जाते हैं तुम यह बात बहुत कठिन है और वह दोनों मिलकर जो ईमानदार है उस को तकलीफ देते हैं ऐसा भी होता है और इस तरीके से जो सब कुछ करना चाहते हैं ऐसे लोग सरकारी नौकरी में शामिल होने का बहुत एक ज्यादा प्रयास करते रहते हैं और ज्यादा गिर के जिनके बाप या मां ऐसी नौकरियों में रहे हैं उनका बड़ा पर इतना होता है कि उनके बाद उनके बच्चे क्षेत्र में आ जाए धन्यवाद
Sarakaaree naukaree ab aalasee aur kaamachor un logon ke lie hai isake aisee avastha banaee gaee hai banee huee hai aaj adhikaaree varg haphte mein 2 din aata hai aur baakee ke logon ko koee kya problam ho gaya to usako phon karane ke lie bata deta hai kya saahab meeting ke lie gae hain aaj nahin milenge aur aage 2 din tak bhee nahin milenge daayarekt somavaar ko milenge angoothee jo prejens ejensee hai vah to khud hee laga lete hain aur unako na koee poochhane vaala hai agar hai bhee kaee kaaryakarta to vah kaaryakartaon mein bhee 90 parasent mairij hone hone vaalee hote har paartee ke saamaajik kaaryakarta jo apane aapako bata den to aisa ek gorakhadhandha chal raha hai saaree kshetron mein chal raha hai sarakaaree kshetron mein bhee to bahut saara aarambh aur aalasy bhar jaata hai in logon mein aur kal bhee inake ophis mein kuchh kaam karane ke lie gae to vah nakaaraatmak kee shuruaat karenge aur agar pahale se kaantekt ho hukum kuchh landan ke ka maamala hota hai to pooree theek dimaag thikaane par rakhakar vah kaam poora karate hain baakee jo aise aate hain jo anapadh dikhaee dete hain graameen graameen dikhaee dete hain to unako 5577 baar chakkar lagaane ke lie hai yah dokyooment nahin hai yah log ek saath sabhee nahin bataenge har vakt ek hee bataenge aakhir vah thak jaata hai aur usako vaheen par ophis kya hai saraunding eriya mein koee peyajal mil jaata hai aur vah kaam kar deta hai aur bahut saare aise kaaryakarta bhee hai mahaaraashtr ke andar jinhonne ophisar logon kee kursee se kursee se uthaakar patak diya hai jaise kaamadaar hai vah kisaan aandolan ke lie bhee gae the aamadaar bachchoo kadoo naagapur se udhar se bilong karate hain unaka naam lete hee adhikaaree bhayabheet ho jaate hain aise log pratinidhi bhee hone chaahie aur aise kaaryakarta aur aam naagarik bhee jo hai unhonne vyaapak aur baakee jo kaanoon jise hai usaka istemaal karake aise aalasee aur kaamachor aur ham logon ko kaam par lagaana chaahie agar vah janata bhee janata hee aisa sochatee hai ki kuchh jarooree kaam ho sakata hai aur usakee taiyaaree hee karake jaate hain tum yah baat bahut kathin hai aur vah donon milakar jo eemaanadaar hai us ko takaleeph dete hain aisa bhee hota hai aur is tareeke se jo sab kuchh karana chaahate hain aise log sarakaaree naukaree mein shaamil hone ka bahut ek jyaada prayaas karate rahate hain aur jyaada gir ke jinake baap ya maan aisee naukariyon mein rahe hain unaka bada par itana hota hai ki unake baad unake bachche kshetr mein aa jae dhanyavaad

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क्या सरकारी नौकरी अब आलसी और कामचोर लोगों के लिए है?Kya Sarkari Naukri Ab Alsi Aur Kamchor Logo Ke Lie Hai
RAJIV KUMAR YADAV Bolkar App
Top Speaker,Level 11
सुनिए RAJIV जी का जवाब
Student
0:58
आपका प्रश्न सरकारी नौकरी अब आलसी और कामचोर लोगों के लिए है जी नहीं बिल्कुल भी नहीं क्योंकि सरकारी नौकरी लेने के लिए है आज के समय में किसी आलसी लोग की बस की बात नहीं है इसके लिए हमें कड़ी मेहनत की आवश्यकता होती है इसलिए हम यह नहीं कर सकते हैं कि आज भी लोग आज से सरकारी नौकरी ले सकें आलसी लोग के बस की बात नहीं है क्योंकि यदि आप मेहनत नहीं करते हैं तो आप सरकारी नौकरी मिले भी नहीं सकते हैं क्योंकि आज की कंपटीशन इतना तक होती जा रही है कि कमजोर लोग इस तेल नहीं लगा सकते हैं मेहनती लोगों को ही आगे आकर इस के लिए काम करना होगा हम यह नहीं कह सकते हैं कि सरकारी नौकरी आलसी और कमजोर लोगों की है
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