#undefined

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सुबह चाय पीना क्यों अनिवार्य है?Subah Chaay Peena Kyon Anivaary Hai
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सुनिए Raghvendra जी का जवाब
Unknown
3:28

#पढ़ाई लिखाई

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हवाई जहाज में कौन सा तेल डाला जाता है?Havai Jahaj Mein Kaun Sa Tel Dala Jata Hai
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सुनिए Raghvendra जी का जवाब
Unknown
2:28

#रिश्ते और संबंध

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शादी के बाद क्या क्या बदलाव होते हैं?Shadi Ke Baad Kya Kya Badlav Hote Hain
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सुनिए Raghvendra जी का जवाब
Unknown
5:00

#जीवन शैली

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हजारी प्रसाद का जीवन परिचय?Hazari Prasad Ka Jeevan Parichay
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सुनिए Raghvendra जी का जवाब
Unknown
2:45

#जीवन शैली

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मस्तिष्क पर चंदन क्यू लगाते है?Mastishk Par Chandan Kyo Lagate Hai
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Unknown
2:05
हेलो फ्रेंड नमस्कार जैसा कि आपका प्रश्न है मस्तिष्क पर चंदन क्यों लगाते हैं लेकिन फ्रेंड मस्तिष्क पर चंदन लगाने का अपना एक अलग ही परंपरा है यह सनातन धर्म का अपना एक हथियार माना गया है एक सम्मानजनक जो है प्रतीक माना गया है हिंदू राष्ट्र का अपना एक पहचान मारा गया है उसे और चंदन जो है अगर आप मैसेज पर लगाते हैं खासकर चंदन अगर लगाते हैं तो इस पर एक दोहा है मैं आपको सुनाना चाहता हूं रहीम दास जी कहते हैं फ्रेंड की जो रहीम उत्तम प्रकृति का करि सकत कुसंग चंदन विष व्यापत नहीं लिपटे रहत भुजंग अर्थात रहीम दास जी कहना चाहते हैं फ्रेंड की जो अच्छे स्वभाव के मनुष्य होते हैं उनको बुरी संगत भी बिगाड़ नहीं पाती है जैसे कि जहरीले सांप जो है वह चंदन के वृक्ष से लिपटी रहते हैं पर उस पर भी कोई जहरीला प्रभाव नहीं पड़ता है यानी कि जो जहरीले सांप होते हैं वह चंदन के वृक्ष पर लिपटे रहते हैं लेकिन जहरीले सांप का कोई प्रभाव जो है चंदन वृक्ष पर नहीं पड़ता है यह तो उन्होंने यह बताया कि इंसान अगर अच्छा है तो उसकी अच्छाई नहीं मरती है लेकिन आपने क्वेश्चन किया है कि चंदन क्यों लगाते हैं तो चंदन अगर आप लगाते हैं तो आपकी आत्मा शुद्ध होती है फ्रेंड मन शांत रहता है मस्तिष्क में जो है अश्लीलता वाली कोई विचार नहीं आती आपने देखा होगा किधर चंदन आप लगाते हैं कभी आप महसूस कर दीजिए कि आपको सच कह रहा है या फिर अश्लीलता की कोई भावनाएं नहीं आती है फिर मन शांत रहता है स्वच्छ रहता है और आप जो है एक हिंदू सनातन राष्ट्र में आप अपने हिंदू में आप बहुत ही गौरवान्वित महसूस करते हैं और हिंदू जात का यह मानिक प्रतीक है आसान जवाब पसंद आया होगा शुक्रिया
Helo phrend namaskaar jaisa ki aapaka prashn hai mastishk par chandan kyon lagaate hain lekin phrend mastishk par chandan lagaane ka apana ek alag hee parampara hai yah sanaatan dharm ka apana ek hathiyaar maana gaya hai ek sammaanajanak jo hai prateek maana gaya hai hindoo raashtr ka apana ek pahachaan maara gaya hai use aur chandan jo hai agar aap maisej par lagaate hain khaasakar chandan agar lagaate hain to is par ek doha hai main aapako sunaana chaahata hoon raheem daas jee kahate hain phrend kee jo raheem uttam prakrti ka kari sakat kusang chandan vish vyaapat nahin lipate rahat bhujang arthaat raheem daas jee kahana chaahate hain phrend kee jo achchhe svabhaav ke manushy hote hain unako buree sangat bhee bigaad nahin paatee hai jaise ki jahareele saamp jo hai vah chandan ke vrksh se lipatee rahate hain par us par bhee koee jahareela prabhaav nahin padata hai yaanee ki jo jahareele saamp hote hain vah chandan ke vrksh par lipate rahate hain lekin jahareele saamp ka koee prabhaav jo hai chandan vrksh par nahin padata hai yah to unhonne yah bataaya ki insaan agar achchha hai to usakee achchhaee nahin maratee hai lekin aapane kveshchan kiya hai ki chandan kyon lagaate hain to chandan agar aap lagaate hain to aapakee aatma shuddh hotee hai phrend man shaant rahata hai mastishk mein jo hai ashleelata vaalee koee vichaar nahin aatee aapane dekha hoga kidhar chandan aap lagaate hain kabhee aap mahasoos kar deejie ki aapako sach kah raha hai ya phir ashleelata kee koee bhaavanaen nahin aatee hai phir man shaant rahata hai svachchh rahata hai aur aap jo hai ek hindoo sanaatan raashtr mein aap apane hindoo mein aap bahut hee gauravaanvit mahasoos karate hain aur hindoo jaat ka yah maanik prateek hai aasaan javaab pasand aaya hoga shukriya

#जीवन शैली

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तुम दूसरों की जिंदगी में खुशी और मुस्कान लाने के लिए क्या कर सकते हैं?Tum Dusaro Kee Jindagi Me Khushi Or Muskaan Lane Ke Liye Kya Kar Sakte Hai
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सुनिए Raghvendra जी का जवाब
Unknown
4:59
हेलो फ्रेंड्स नमस्कार जैसा कि आपका प्रश्न है तुम दूसरों की जिंदगी में खुशी और मुस्कान लाने के लिए क्या कर सकते हो लेकिन फ्रेंड नहीं मेरी बात तो पहले मैं यह जानने की कोशिश करूंगा कि उस इंसान के मन में क्या चल रहा है वह अगर रुठा हुआ है या फिर उसके चेहरे की स्माइल रूठी हुई है वह किस कंडीशन से रूठी हुई है क्या कारण है कि फ्रेंड वजह जाने बिना आप किसी को खुश नहीं कर सकते जब तक वजह नहीं पता होगी जैसे मान लीजिए आप रूठे हुए आप नाराज हैं हमें नहीं पता कि आप तो रुकने का रीजन क्या है हो सकता है हमने किसी से कुछ कुछ अपशब्द बोल दिया हो हो सकता है कि मेरी जो पर्सनालिटी है मेरा जोड़ा गया है मेरा जो बात करने का लहजा है सामने वाली को पसंद ना आया हो और वह हमसे रूठ गया हो तो क्या रीजन हो सकता है वह इंसान हमसे किस रीजन से जुड़ा हुआ है वह रीजन सबसे पहले मायने रखता है फ्रेंड और जिस रीजन के साथ पूर्व उठा रहता है उसमें जो है हमें सुधारात्मक कार्रवाई करनी पड़ती है फ्रेंड जैसे कि कोई फ्रेंड है अगर हमारी बातों से जो है कि उसे आहट पहुंची है तो हम उससे जो है क्षमा प्रार्थी मैं हो सकते हैं क्षमा मांग सकते हैं कि भाई या फिर यार सॉरी गलती हो गई अक्सर आपने देखा होगा कि लोगों को पैर से छू जाता है या फिर कोई धक्का दे देता है तो हमारे यहां की यह आदत होती है रिवाज है कि उसे सॉरी बोल देते हैं जैसे क्या माल जी आप से टक्कर हुए हमारा और आपका टकराव हुआ तो हम बोलेंगे कि सॉरी उससे क्या होता है फ्रेंड कि सामने वाले को एक अपमान नहीं महसूस होता उसका जो है एक लेवल जो होता अभी हम किसी को धक्का मार देंगे किसी को टक्कर मार दी और हम उसे सॉरी ना बोले उसे बहुत ही अपमानित महसूस होगा पेट लेकिन वहीं दूसरी ओर जो है हम किसी को जानबूझकर भी अगर टक्कर मार देते हैं और बोल देते हैं सॉरी थोड़ा सा उसे राहत पहुंचा है लेकिन फ्रेंड्स जानबूझकर टक्कर मारने में और अंधे की टक्कर मारने में दोनों में अंतर होता है क्योंकि जब आप अनदेखा जो है किसी से टकराव करते हैं तो उसका जो टकराएगा वह बहुत ही नॉर्मल हुआ है लेकिन जब आप उसे किसी सुरेश या फिर गुस्से की नजर से टकराव करते हैं वह एक टकराव अलग ही टकराव होता है उसका पता लग जाता है कि सामने वाले ने अभी किस भाव से मारा या फिर किस भाव से टकराया या फिर आप देख रहे हैं तो वह सामने वाला किस भाव से हमें देख रहा है उसकी निगाहें क्या कह रही सब की अलग अलग पहचान होती है प्रेम तू दिखे फ्रेंड मैं आपको एक एग्जांपल देना चाहता हूं फ्रेंड आपने देखा होगा कि लोग पूछते हैं कि भैया कैसे हो तो सामने से रिप्लाई होता है कि आज सब कुछ बढ़िया है आपने पूछा होगा नात रिश्तेदार है आपने आपसे पूछा होंगे कि यार कैसे हो फ्रेंड पूछा होगा कि भाई कैसे हो तो आपने बोला होगा तो भाई मजे में है मस्त में है तो उससे क्या होता है फ्रेंड आप अगर दुखी है तो आप बता भी सकते हैं ना फ्रेंड कि नहीं यार यह मेरा गम है लेकिन बहुत सारे लोग बताते नहीं बोलते नहीं यार मस्त है बहुत अच्छा चल रहा है लाइफ तो सामने वाला घर पूछ लेता कैसे हैं वह हमारी दुखों का अंत नहीं कर देता पर दुखों को हर नहीं लेता दुखों का खात्मा नहीं कर देता लेकिन अगर आप किसी दुख में है फ्रेंड का भी यह बात मेरा एनालिसिस करके देखिएगा कि आप दुखी मन में है और कोई आपसे पूछ ले प्रेम भाव से भी भाई कैसा है तू तेरी हालत क्या है ठीक है फ्रेंड उस समय आप देखेंगे फ्रेंड कि आपकी आंखों में आंसू आ जाएंगे और आपकी आंखों में एक अलग ही तड़प होगी एक अलग ही खुशी होगी कि हां कोई मेरा भी है क्या हाल रखने वाला कोई मेरा भी अपना है ठीक है थैंक और आप उस गम को तुरंत वहीं पर भूल जाएंगे और अपने जो सहपाठी हैं अपना जो फ्रेंड है अपना तो रिश्तेदार है उसमें आप लेट हो जाएंगे तो यही सब बातें होती हैं फ्रेंड की नाराजगी और मुस्कान लाना सिम दो एक दूसरे के विपरीत होते हैं क्योंकि फ्रेंड नाराजगी किस कारण से हुई है जिस कारण से हुई है हमें उस कार्य को दूर करना चाहिए तभी जो है सामने वाले के चेहरे पर मुस्कान आएगी मान लीजिए हम किसी का दिल दुखाते हैं तो उसको अगर सॉरी नहीं बोलते हैं तो उसके चेहरे पर मुस्कान नहीं आएगी फिर हम उसे सॉरी बोले और उसके मन का करें आप देखेंगे कि ऑटोमेटिक उसके चेहरे पर मुस्कान आ जाएगी आशा है कि ट्रेन कि आप सभी को यह जवाब पसंद आया होगा शुक्रिया धन्यवाद
Helo phrends namaskaar jaisa ki aapaka prashn hai tum doosaron kee jindagee mein khushee aur muskaan laane ke lie kya kar sakate ho lekin phrend nahin meree baat to pahale main yah jaanane kee koshish karoonga ki us insaan ke man mein kya chal raha hai vah agar rutha hua hai ya phir usake chehare kee smail roothee huee hai vah kis kandeeshan se roothee huee hai kya kaaran hai ki phrend vajah jaane bina aap kisee ko khush nahin kar sakate jab tak vajah nahin pata hogee jaise maan leejie aap roothe hue aap naaraaj hain hamen nahin pata ki aap to rukane ka reejan kya hai ho sakata hai hamane kisee se kuchh kuchh apashabd bol diya ho ho sakata hai ki meree jo parsanaalitee hai mera joda gaya hai mera jo baat karane ka lahaja hai saamane vaalee ko pasand na aaya ho aur vah hamase rooth gaya ho to kya reejan ho sakata hai vah insaan hamase kis reejan se juda hua hai vah reejan sabase pahale maayane rakhata hai phrend aur jis reejan ke saath poorv utha rahata hai usamen jo hai hamen sudhaaraatmak kaarravaee karanee padatee hai phrend jaise ki koee phrend hai agar hamaaree baaton se jo hai ki use aahat pahunchee hai to ham usase jo hai kshama praarthee main ho sakate hain kshama maang sakate hain ki bhaee ya phir yaar soree galatee ho gaee aksar aapane dekha hoga ki logon ko pair se chhoo jaata hai ya phir koee dhakka de deta hai to hamaare yahaan kee yah aadat hotee hai rivaaj hai ki use soree bol dete hain jaise kya maal jee aap se takkar hue hamaara aur aapaka takaraav hua to ham bolenge ki soree usase kya hota hai phrend ki saamane vaale ko ek apamaan nahin mahasoos hota usaka jo hai ek leval jo hota abhee ham kisee ko dhakka maar denge kisee ko takkar maar dee aur ham use soree na bole use bahut hee apamaanit mahasoos hoga pet lekin vaheen doosaree or jo hai ham kisee ko jaanaboojhakar bhee agar takkar maar dete hain aur bol dete hain soree thoda sa use raahat pahuncha hai lekin phrends jaanaboojhakar takkar maarane mein aur andhe kee takkar maarane mein donon mein antar hota hai kyonki jab aap anadekha jo hai kisee se takaraav karate hain to usaka jo takaraega vah bahut hee normal hua hai lekin jab aap use kisee suresh ya phir gusse kee najar se takaraav karate hain vah ek takaraav alag hee takaraav hota hai usaka pata lag jaata hai ki saamane vaale ne abhee kis bhaav se maara ya phir kis bhaav se takaraaya ya phir aap dekh rahe hain to vah saamane vaala kis bhaav se hamen dekh raha hai usakee nigaahen kya kah rahee sab kee alag alag pahachaan hotee hai prem too dikhe phrend main aapako ek egjaampal dena chaahata hoon phrend aapane dekha hoga ki log poochhate hain ki bhaiya kaise ho to saamane se riplaee hota hai ki aaj sab kuchh badhiya hai aapane poochha hoga naat rishtedaar hai aapane aapase poochha honge ki yaar kaise ho phrend poochha hoga ki bhaee kaise ho to aapane bola hoga to bhaee maje mein hai mast mein hai to usase kya hota hai phrend aap agar dukhee hai to aap bata bhee sakate hain na phrend ki nahin yaar yah mera gam hai lekin bahut saare log bataate nahin bolate nahin yaar mast hai bahut achchha chal raha hai laiph to saamane vaala ghar poochh leta kaise hain vah hamaaree dukhon ka ant nahin kar deta par dukhon ko har nahin leta dukhon ka khaatma nahin kar deta lekin agar aap kisee dukh mein hai phrend ka bhee yah baat mera enaalisis karake dekhiega ki aap dukhee man mein hai aur koee aapase poochh le prem bhaav se bhee bhaee kaisa hai too teree haalat kya hai theek hai phrend us samay aap dekhenge phrend ki aapakee aankhon mein aansoo aa jaenge aur aapakee aankhon mein ek alag hee tadap hogee ek alag hee khushee hogee ki haan koee mera bhee hai kya haal rakhane vaala koee mera bhee apana hai theek hai thaink aur aap us gam ko turant vaheen par bhool jaenge aur apane jo sahapaathee hain apana jo phrend hai apana to rishtedaar hai usamen aap let ho jaenge to yahee sab baaten hotee hain phrend kee naaraajagee aur muskaan laana sim do ek doosare ke vipareet hote hain kyonki phrend naaraajagee kis kaaran se huee hai jis kaaran se huee hai hamen us kaary ko door karana chaahie tabhee jo hai saamane vaale ke chehare par muskaan aaegee maan leejie ham kisee ka dil dukhaate hain to usako agar soree nahin bolate hain to usake chehare par muskaan nahin aaegee phir ham use soree bole aur usake man ka karen aap dekhenge ki otometik usake chehare par muskaan aa jaegee aasha hai ki tren ki aap sabhee ko yah javaab pasand aaya hoga shukriya dhanyavaad

#जीवन शैली

Raghvendra  Tiwari Pandit Ji Bolkar App
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Unknown
4:53
हेलो फ्रेंड नमस्कार जैसा कि आपका प्रश्न है बुरा जो देखन मैं चला बुरा न मिलिया कोय जो दिल खोजा आपना मुझसे बुरा न कोई इसका क्या अर्थ हुआ दिखे फ्रेंड कबीर दास जी के दोहे के रचयिता हैं और वह कबीरदास जी कहते हैं कि मैं सारा जीवन दूसरों की बुराइयां देखने में लगा रहा लेकिन जब मैंने खुद को अपने मन में झांक कर देखा तो पाया कि मुझसे बुरा कोई इंसान नहीं है यानी कि कबीर दास जी के कहने का तात्पर्य है फ्रेंड के असर सभी लोग देखते हैं कि लोगों की बुराइयां ही करते रहते हैं लोगों में कमियां ही निकालते रहते हैं कि वह लड़का ऐसा है वह लड़की ऐसा है वह इंसान बहुत ही निकलना है बहुत ही निखट्टू है बहुत ही यानी कि तमाम प्रकार के उसमें जो है दूसरों में लोग कमियां निकालते रहते हैं तो कबीर दास जी इस दोहे के माध्यम से हम सभी को यह बताना चाहते हैं कि जब भी हम किसी दूसरे की बुराइयां देखने का प्रयास करें इस सामने वाला बुरा आदमी है या सामने वाले में उस तरह की बुराइयां है तो उससे पहले अपने मन के अंदर देखना पड़ता है अपने अंदर देखिए कि हम उस कैटेगरी में है या फिर नहीं है कई बार क्या होता है फ्रेंड लोग बुरे होते हैं लेकिन सामने वाले को बुराई का उपदेश देते रहते हैं जो कि गलत बात है जैसे कि हम मान लीजिए बुरे हैं लेकिन हम किसी को बताए कि भैया बुराई करना जो है वह भरी बात है तो यह गलत बात हुआ है यही कहना चाहते हैं कबीर दास जी अगर किसी के प्रति हमारी बुराई देखनी है या फिर बुरा करनी है उसके पहले अपने आप को देखिए आप क्या है आप में वह बुराई है या फिर नहीं है और सबसे बड़ी बात है फ्रेंड किसी की बुराई करनी ही नहीं चाहिए उन्होंने यह बात जो है कही है किसी की बुराई करनी ही नहीं चाहिए और अगर कर रहे हैं भूले भटके यह देख लीजिए कि वह चीजें अपने अंदर है या फिर नहीं है दूसरों की बुराई करने से पहले अपने मन को अपनी अंतरात्मा को शुद्ध करने जांच लें कि क्या हम जो है दूसरे की बुराई करने लायक हैं क्या हम उस कैटेगरी में आते हैं फ्रेंड इससे और भी सरल भाषा में आपको यह जवाब दे दूं कबीरदास जी यही कहना चाहते हैं उसे इसका तात्पर्य ही है कि अगर हम किसी दूसरे की बुराई देखना चाहते हैं दूसरे में बताते हैं कि फला लड़का जो है बुरा है काला लड़का में जो है इस तरह की बुराइयां है वह सिगरेट पीता है तूफान करता है लड़की चलता है मारपीट करता है इससे कोई बात हो सकती है फिर और लड़की के ऊपर भी लोगों ने उंगली उठाते हैं कि पहले लड़की जो है उसका कैरेक्टर बहुत ही बेकार है ठीक है फिर यह बात दोनों मिलाकर होती है चाहे वह स्त्री हो या पुरुष कबीरदास जी कहते हैं अगर कोई लड़की के प्रति यह भावना रखता है कि उस लड़की की जो है कैरेक्टर बेकार है उस लड़की का करैक्टर खराब है तो कबीर दास जी का कहना बस यही है उस लड़की के कैरेक्टर पर उंगली उठाने से पहले पहले अपनी कैरेक्टर पर ध्यान दें आप कैसे सीधी सी भाषा में फ्रेंड छोटा सा भावार्थ है आपसे आशा है कि आप सब यह समझ गए होंगे कि कबीर दास जी आखिर कहना क्या चाहते हो तो यही चाहते हैं बस कि किसी दूसरे को बुरा कहने से पहले अपने आप को परख लीजिए क्या आप उस काबिल है अगर आप जो है अच्छा है वास्तव में अच्छा है क्या कि जीन मांगे फ्रेंड किसी को बुरा भला आप कहेंगी ही नहीं हालांकि आप अगर अच्छे हैं तो आप का फूल दायित्व बनता है यह आपका हक है कि आप दूसरों को बताएं कि आप गलत हो लेकिन आपने ऐसा देखा होगा कि जो एक्चुअल में फ्रेंड अच्छी हो इंसान होते हैं जो दूर दूर तक कहीं किसी बुराइयों से उनका नाता नहीं रहता वह जल्दी किसी से किसी भी बात की जो है इशारा नहीं करते कि आप गलत हैं या फिर क्या है तो यही कहना चाहते हैं कि अगर आप दूसरों में बुराइयां देखना चाहते हैं तो उसे पहले खुद को जाकर खुद में देखें तो आजा फ्रेंड की आप सभी को जवाब पसंद आया होगा नमस्कार
Helo phrend namaskaar jaisa ki aapaka prashn hai bura jo dekhan main chala bura na miliya koy jo dil khoja aapana mujhase bura na koee isaka kya arth hua dikhe phrend kabeer daas jee ke dohe ke rachayita hain aur vah kabeeradaas jee kahate hain ki main saara jeevan doosaron kee buraiyaan dekhane mein laga raha lekin jab mainne khud ko apane man mein jhaank kar dekha to paaya ki mujhase bura koee insaan nahin hai yaanee ki kabeer daas jee ke kahane ka taatpary hai phrend ke asar sabhee log dekhate hain ki logon kee buraiyaan hee karate rahate hain logon mein kamiyaan hee nikaalate rahate hain ki vah ladaka aisa hai vah ladakee aisa hai vah insaan bahut hee nikalana hai bahut hee nikhattoo hai bahut hee yaanee ki tamaam prakaar ke usamen jo hai doosaron mein log kamiyaan nikaalate rahate hain to kabeer daas jee is dohe ke maadhyam se ham sabhee ko yah bataana chaahate hain ki jab bhee ham kisee doosare kee buraiyaan dekhane ka prayaas karen is saamane vaala bura aadamee hai ya saamane vaale mein us tarah kee buraiyaan hai to usase pahale apane man ke andar dekhana padata hai apane andar dekhie ki ham us kaitegaree mein hai ya phir nahin hai kaee baar kya hota hai phrend log bure hote hain lekin saamane vaale ko buraee ka upadesh dete rahate hain jo ki galat baat hai jaise ki ham maan leejie bure hain lekin ham kisee ko batae ki bhaiya buraee karana jo hai vah bharee baat hai to yah galat baat hua hai yahee kahana chaahate hain kabeer daas jee agar kisee ke prati hamaaree buraee dekhanee hai ya phir bura karanee hai usake pahale apane aap ko dekhie aap kya hai aap mein vah buraee hai ya phir nahin hai aur sabase badee baat hai phrend kisee kee buraee karanee hee nahin chaahie unhonne yah baat jo hai kahee hai kisee kee buraee karanee hee nahin chaahie aur agar kar rahe hain bhoole bhatake yah dekh leejie ki vah cheejen apane andar hai ya phir nahin hai doosaron kee buraee karane se pahale apane man ko apanee antaraatma ko shuddh karane jaanch len ki kya ham jo hai doosare kee buraee karane laayak hain kya ham us kaitegaree mein aate hain phrend isase aur bhee saral bhaasha mein aapako yah javaab de doon kabeeradaas jee yahee kahana chaahate hain use isaka taatpary hee hai ki agar ham kisee doosare kee buraee dekhana chaahate hain doosare mein bataate hain ki phala ladaka jo hai bura hai kaala ladaka mein jo hai is tarah kee buraiyaan hai vah sigaret peeta hai toophaan karata hai ladakee chalata hai maarapeet karata hai isase koee baat ho sakatee hai phir aur ladakee ke oopar bhee logon ne ungalee uthaate hain ki pahale ladakee jo hai usaka kairektar bahut hee bekaar hai theek hai phir yah baat donon milaakar hotee hai chaahe vah stree ho ya purush kabeeradaas jee kahate hain agar koee ladakee ke prati yah bhaavana rakhata hai ki us ladakee kee jo hai kairektar bekaar hai us ladakee ka karaiktar kharaab hai to kabeer daas jee ka kahana bas yahee hai us ladakee ke kairektar par ungalee uthaane se pahale pahale apanee kairektar par dhyaan den aap kaise seedhee see bhaasha mein phrend chhota sa bhaavaarth hai aapase aasha hai ki aap sab yah samajh gae honge ki kabeer daas jee aakhir kahana kya chaahate ho to yahee chaahate hain bas ki kisee doosare ko bura kahane se pahale apane aap ko parakh leejie kya aap us kaabil hai agar aap jo hai achchha hai vaastav mein achchha hai kya ki jeen maange phrend kisee ko bura bhala aap kahengee hee nahin haalaanki aap agar achchhe hain to aap ka phool daayitv banata hai yah aapaka hak hai ki aap doosaron ko bataen ki aap galat ho lekin aapane aisa dekha hoga ki jo ekchual mein phrend achchhee ho insaan hote hain jo door door tak kaheen kisee buraiyon se unaka naata nahin rahata vah jaldee kisee se kisee bhee baat kee jo hai ishaara nahin karate ki aap galat hain ya phir kya hai to yahee kahana chaahate hain ki agar aap doosaron mein buraiyaan dekhana chaahate hain to use pahale khud ko jaakar khud mein dekhen to aaja phrend kee aap sabhee ko javaab pasand aaya hoga namaskaar

#जीवन शैली

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एंटीबायोटिक दवा का क्या साइड इफेक्ट होता है?Antibiotic Dawa Ka Kya Side Effect Hota Hai
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Unknown
3:04
हेलो फ्रेंड नमस्कार जैसा कि आपका प्रश्न है एंटीबायोटिक दवा का क्या साइड इफेक्ट होता है जैसे मोबाइल की सिक्योरिटी के लिए मोबाइल में वायरस आ जाए तो उसे हटाने के लिए उसे मारने के लिए वर्ष का खात्मा करने के लिए मोबाइल में एंटीवायरस एप्लीकेशन का उपयोग करते हैं जिससे हमारा जो मोबाइल में वायरस आते हैं वह खत्म हो जाए सिम वही कार्य जो होता है मेडिसिन के साथ एंटीबायोटिक दवाओं का होता है कि अगर हमारे शरीर में किसी प्रकार का कोई साइड इफेक्ट है किसी प्रकार का वायरस है तो वह उत्पन्न ना होने पाए उसे मारने का कार्य जो है यह मिक्सिंग करती है आपने देखा होगा कि लगभग हर मिक्सिंग के साथ जो है आपको चाहे खांसी हुआ चाहे जुखाम हुआ चाहे और कोई बीमारी हुई तो डॉक्टर दवा के साथ चूहे एंटीबायोटिक दवा का प्रयोग करने के लिए बोलते हैं यह इसलिए बोलते हैं फ्रेंड की रेस में अगर मान लीजिए किसी दवा का कोई साइड इफेक्ट है आपने देखा होगा कि बहुत सारी ऐसी फेस क्रीम है और सारे ऐसी दवा है जो लोगों को सूट नहीं करती मुझे सूट नहीं करती तो लोगों के चेहरे में दाग धब्बे झाइयां या फिर और तरह की बीमारियां जो है उत्पन्न होने लगती है यह सब कंडीशन ना आए चेहरे पर दाग धब्बे झाइयां या फिर और सब बीमारियां जो उत्पन्न होती हैं वह उत्पन्न ना हो उसे रोकने के लिए डॉक्टर दवा के साथ जो है एंटीबायोटिक दवा देते हैं इनका काम बस यही रहता है कि अगर आपको किसी दवा से एलर्जी है आपको दवा वह सूट नहीं करती तो वह साइड इफेक्ट होने के चांसेस जो है वह कम होते हैं आपने से किसी एक को सुना होगा कि लोग बताते हैं कि मैंने दवा लिया और खाया और खाते हमारे जो अजीब है उस पर छाले पड़े वह क्यों होता फ्रेंड को एक साइड इफेक्ट होता है और जब यह एंटीबायोटिक नहीं होता है तो वह दवा अपना साइड इफेक्ट काम कर देता है और आपको परेशानी उठानी पड़ती है और अगर दवा के साथ जो है एंटीबायोटिक होती है वह चोर एक्शन करता है दवा एंटीबायोटिक उसे रिएक्शन को मारने का कार्य करता है जिसे हमें किसी प्रकार का कोई नुकसान नहीं रहता है अगर हम कोई ऐसी दवा खा लेते हैं जिससे हमारी बॉडी में एलर्जी होती है लेकिन खाने के बाद अगर मैं एंटीबायोटिक खा लेते तो एलर्जी या जी के इस वायरस को यह दवा जो है कि पार्टी को खत्म कर देती हैं जिससे मैं किसी प्रकार का नुकसान नहीं होता है तो आशा है कि आप सभी को है जवाब पसंद आया होगा शुक्रिया
Helo phrend namaskaar jaisa ki aapaka prashn hai enteebaayotik dava ka kya said iphekt hota hai jaise mobail kee sikyoritee ke lie mobail mein vaayaras aa jae to use hataane ke lie use maarane ke lie varsh ka khaatma karane ke lie mobail mein enteevaayaras epleekeshan ka upayog karate hain jisase hamaara jo mobail mein vaayaras aate hain vah khatm ho jae sim vahee kaary jo hota hai medisin ke saath enteebaayotik davaon ka hota hai ki agar hamaare shareer mein kisee prakaar ka koee said iphekt hai kisee prakaar ka vaayaras hai to vah utpann na hone pae use maarane ka kaary jo hai yah miksing karatee hai aapane dekha hoga ki lagabhag har miksing ke saath jo hai aapako chaahe khaansee hua chaahe jukhaam hua chaahe aur koee beemaaree huee to doktar dava ke saath choohe enteebaayotik dava ka prayog karane ke lie bolate hain yah isalie bolate hain phrend kee res mein agar maan leejie kisee dava ka koee said iphekt hai aapane dekha hoga ki bahut saaree aisee phes kreem hai aur saare aisee dava hai jo logon ko soot nahin karatee mujhe soot nahin karatee to logon ke chehare mein daag dhabbe jhaiyaan ya phir aur tarah kee beemaariyaan jo hai utpann hone lagatee hai yah sab kandeeshan na aae chehare par daag dhabbe jhaiyaan ya phir aur sab beemaariyaan jo utpann hotee hain vah utpann na ho use rokane ke lie doktar dava ke saath jo hai enteebaayotik dava dete hain inaka kaam bas yahee rahata hai ki agar aapako kisee dava se elarjee hai aapako dava vah soot nahin karatee to vah said iphekt hone ke chaanses jo hai vah kam hote hain aapane se kisee ek ko suna hoga ki log bataate hain ki mainne dava liya aur khaaya aur khaate hamaare jo ajeeb hai us par chhaale pade vah kyon hota phrend ko ek said iphekt hota hai aur jab yah enteebaayotik nahin hota hai to vah dava apana said iphekt kaam kar deta hai aur aapako pareshaanee uthaanee padatee hai aur agar dava ke saath jo hai enteebaayotik hotee hai vah chor ekshan karata hai dava enteebaayotik use riekshan ko maarane ka kaary karata hai jise hamen kisee prakaar ka koee nukasaan nahin rahata hai agar ham koee aisee dava kha lete hain jisase hamaaree bodee mein elarjee hotee hai lekin khaane ke baad agar main enteebaayotik kha lete to elarjee ya jee ke is vaayaras ko yah dava jo hai ki paartee ko khatm kar detee hain jisase main kisee prakaar ka nukasaan nahin hota hai to aasha hai ki aap sabhee ko hai javaab pasand aaya hoga shukriya

#जीवन शैली

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जिम में कसरत करने के बाद दो-चार दिन तक पूरा शरीर दुखता क्यों है?Gym Mein Kasrat Karne Ke Baad Do Chaar Din Tak Poora Shareer Dukhta Kyo Hai
Raghvendra  Tiwari Pandit Ji Bolkar App
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Unknown
2:49
हेलो फ्रेंड्स नमस्कार जैसा कि आपका प्रश्न है जिम में कसरत करने के बाद दो-चार दिन तक पूरा शरीर दुखता क्यों है लेकिन जिम में कसरत करने से इसलिए दुखता है क्योंकि हमें बॉडी को उस तरीके से नहीं डाला था हमने अपनी बॉडी को जो है जिनके अनुरूप नहीं रहा था जब आप अपनी बॉडी को किसी के अनुरूप ढाल देते हैं उसे उस अवस्था में डाल देते हैं तो आप देखते हैं कि आपको तकलीफ नहीं होती है आप जिम करते हैं दो-चार दिन आपकी बॉडी में पेन रहता है लेकिन अगर आप रेगुलर करते रहते हैं ऊपर ही चीज एक चुनना सांसों से जैसे कि बन जाती है आप उसे रेगुलर करेंगे तो आपकी बॉडी एकदम पूरी हेल्प थी और जो है सुनती रहती है और अगर अब कहीं बीच में छोड़ देते हैं फ्रेंड तो आपने देखा होगा कि छोड़ने के बाद भी आपकी शरीर जो है वह दर्द करती है और कई सारे लोग होते हैं तुमको जैसे कि एक आम लगा रहा था नशा लगा रहता है जब तक हो जिम नहीं कर लेते हैं तब तक उनको लगता है कि कुछ खोया खोया सा है यह एक आदत वाली बात होती है प्रिंट कि हमारी बॉडी जो है उस अनूप नहीं रहती जिम करने के लिए हमारी पार्टी जो है तैयार नहीं रहती है और हम उस बार डिस्क है जो है जिनका कार लेते हैं आप तो खुद ही समझ ही फ्रेंड कि हम तैयार नहीं है किसी कार्य को करने के लिए हम तैयार नहीं है और जबरदस्त हमसे वह कार्य कराया जा रहा है तो कहीं न कहीं जो है हमारे अंदर पेन होगा यह आप महसूस करके देखिए और कोई अगर छोटा बच्चा है वह अगर देखिएगा कि काम कोई कर रहा है और उसे हम जबरन कर आए तो उतनी अच्छी तरीके से काम नहीं करता है रोते हुए काम करता है गुस्से में कार्य करता है उसे एक तरह का पेन होता है ठीक उसी तरीके से हमारी बॉडी है कि जब हम अपनी बॉडी से जो है जबरन कहां रह लेते हैं जैसे कि जिम अगर आप पहली बार कर रहे हैं उसके लिए जबरन कार में जबरदस्ती कार होगा जब उस तरीके से कर लेते हैं तो वह गाड़ी जो है वह आपको पेन देता है दर्द देता है धीरे-धीरे करने के बाद जब आपको इसकी है विभिन्न जाती है आदत बन जाती है यह बॉडी जो है उसी के अनुरूप ढल जाता है यह सोच लेता है कि आप हमें इसी अवस्था में इसी माहौल में रोज रहना है हमेशा यही कार्य करना है और धीरे-धीरे आपकी बॉडी जो है जिम में जो है परिवर्तित होने लगता है जिनका आदि होने लगता है और धीरे-धीरे करते-करते जो आपकी बॉडी कब बंद रहता है वह खत्म हो जाता है और आपकी मसल्स वगैरह तब बनने तैयार होने लगते हैं फ्रेंड तो आशा है कि आपको यह जवाब पसंद आया होगा शुक्रिया
Helo phrends namaskaar jaisa ki aapaka prashn hai jim mein kasarat karane ke baad do-chaar din tak poora shareer dukhata kyon hai lekin jim mein kasarat karane se isalie dukhata hai kyonki hamen bodee ko us tareeke se nahin daala tha hamane apanee bodee ko jo hai jinake anuroop nahin raha tha jab aap apanee bodee ko kisee ke anuroop dhaal dete hain use us avastha mein daal dete hain to aap dekhate hain ki aapako takaleeph nahin hotee hai aap jim karate hain do-chaar din aapakee bodee mein pen rahata hai lekin agar aap regular karate rahate hain oopar hee cheej ek chunana saanson se jaise ki ban jaatee hai aap use regular karenge to aapakee bodee ekadam pooree help thee aur jo hai sunatee rahatee hai aur agar ab kaheen beech mein chhod dete hain phrend to aapane dekha hoga ki chhodane ke baad bhee aapakee shareer jo hai vah dard karatee hai aur kaee saare log hote hain tumako jaise ki ek aam laga raha tha nasha laga rahata hai jab tak ho jim nahin kar lete hain tab tak unako lagata hai ki kuchh khoya khoya sa hai yah ek aadat vaalee baat hotee hai print ki hamaaree bodee jo hai us anoop nahin rahatee jim karane ke lie hamaaree paartee jo hai taiyaar nahin rahatee hai aur ham us baar disk hai jo hai jinaka kaar lete hain aap to khud hee samajh hee phrend ki ham taiyaar nahin hai kisee kaary ko karane ke lie ham taiyaar nahin hai aur jabaradast hamase vah kaary karaaya ja raha hai to kaheen na kaheen jo hai hamaare andar pen hoga yah aap mahasoos karake dekhie aur koee agar chhota bachcha hai vah agar dekhiega ki kaam koee kar raha hai aur use ham jabaran kar aae to utanee achchhee tareeke se kaam nahin karata hai rote hue kaam karata hai gusse mein kaary karata hai use ek tarah ka pen hota hai theek usee tareeke se hamaaree bodee hai ki jab ham apanee bodee se jo hai jabaran kahaan rah lete hain jaise ki jim agar aap pahalee baar kar rahe hain usake lie jabaran kaar mein jabaradastee kaar hoga jab us tareeke se kar lete hain to vah gaadee jo hai vah aapako pen deta hai dard deta hai dheere-dheere karane ke baad jab aapako isakee hai vibhinn jaatee hai aadat ban jaatee hai yah bodee jo hai usee ke anuroop dhal jaata hai yah soch leta hai ki aap hamen isee avastha mein isee maahaul mein roj rahana hai hamesha yahee kaary karana hai aur dheere-dheere aapakee bodee jo hai jim mein jo hai parivartit hone lagata hai jinaka aadi hone lagata hai aur dheere-dheere karate-karate jo aapakee bodee kab band rahata hai vah khatm ho jaata hai aur aapakee masals vagairah tab banane taiyaar hone lagate hain phrend to aasha hai ki aapako yah javaab pasand aaya hoga shukriya

#पढ़ाई लिखाई

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मोबाइल में पानी चला जाए तो क्या करें?Mobile Mein Paani Chala Jaye To Kya Karein
Raghvendra  Tiwari Pandit Ji Bolkar App
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Unknown
1:51
हेलो फ्रेंड नमस्कार जैसा कि आप का ऑपरेशन मोबाइल में पानी चला जाए तो क्या करें दिखे फ्रेंड अगर आपकी सिंपल सेट है सिर्फ फोन बात करने वाली सेट है अगर वह पानी में गिर जाती है तो उसका पाठ में देखा है कि खुलता है जैसे किसी बैटरी भी निकल जाती है और पार्टी वगैरा खुल जाता है तो अगर आपके पास थोड़ा सा नालेज है जानकार है तो आप तुरंत जो है जैसे ही वो पानी में गिरा तुरंत उसे पूछ करके एक साफ कपड़े से और तुरंत चूहे धूप में रखने से थोड़ी देर के लिए लेकिन धूप में इसलिए रखा जाता है कि जो नमी होती है उसकी पानी की जननी होती है वह सूख जाए तो झुक जाएगी तो ऑटोमेटिक जो है वह कार्य करने लगेगा रही बात एंड्राइड कि अगर आपके पास मोबाइल है स्मार्टफोन है तो कभी कभी देखते हैं कि कुछ स्मार्टफोन की बैटरी जो है वह निकलती नहीं है उसमें वाइंडिंग होती है जॉइन होती है अगर वह सब मोबाइल पानी में गिर जाती है फ्रेंड तो उसमें भी यही तरीका लगाया जाता है पूछ दिया जाता है हालांकि निकलती नहीं है तो उसके लिए कोई चारा नहीं होता अगर ठीक हो जाता है तो ठीक हो जाता है पूछने पर अदर वाइज हमें सर्विस सेंटर का सहारा लेना पड़ता है अगर आपकी मोबाइल नहीं खुल रही है सही नहीं हो रही है तो आप सर्विस सेंटर का सहारा ले सकते हैं आप वहां पर जाइए आपको जो भी प्रॉब्लम होता है वह बहुत ही आसानी से सुविधाजनक से वह सर्विस सेंटर वाली बनाकर आपको देंगे अगर आपकी सेठ जो है वारंटी में रहती है तो आपका सेट बिना चार्ज के जो है बना देंगे और अगर आप की वारंटी खत्म हो जाती है फ्रेंड तो बनाने के बाद जो है वह कुछ चार्ज लेते हैं कुछ शुल्क लेते हैं तो आशा है कि आप सभी को है किताब सुना होगा शुक्रिया
Helo phrend namaskaar jaisa ki aap ka opareshan mobail mein paanee chala jae to kya karen dikhe phrend agar aapakee simpal set hai sirph phon baat karane vaalee set hai agar vah paanee mein gir jaatee hai to usaka paath mein dekha hai ki khulata hai jaise kisee baitaree bhee nikal jaatee hai aur paartee vagaira khul jaata hai to agar aapake paas thoda sa naalej hai jaanakaar hai to aap turant jo hai jaise hee vo paanee mein gira turant use poochh karake ek saaph kapade se aur turant choohe dhoop mein rakhane se thodee der ke lie lekin dhoop mein isalie rakha jaata hai ki jo namee hotee hai usakee paanee kee jananee hotee hai vah sookh jae to jhuk jaegee to otometik jo hai vah kaary karane lagega rahee baat endraid ki agar aapake paas mobail hai smaartaphon hai to kabhee kabhee dekhate hain ki kuchh smaartaphon kee baitaree jo hai vah nikalatee nahin hai usamen vainding hotee hai join hotee hai agar vah sab mobail paanee mein gir jaatee hai phrend to usamen bhee yahee tareeka lagaaya jaata hai poochh diya jaata hai haalaanki nikalatee nahin hai to usake lie koee chaara nahin hota agar theek ho jaata hai to theek ho jaata hai poochhane par adar vaij hamen sarvis sentar ka sahaara lena padata hai agar aapakee mobail nahin khul rahee hai sahee nahin ho rahee hai to aap sarvis sentar ka sahaara le sakate hain aap vahaan par jaie aapako jo bhee problam hota hai vah bahut hee aasaanee se suvidhaajanak se vah sarvis sentar vaalee banaakar aapako denge agar aapakee seth jo hai vaarantee mein rahatee hai to aapaka set bina chaarj ke jo hai bana denge aur agar aap kee vaarantee khatm ho jaatee hai phrend to banaane ke baad jo hai vah kuchh chaarj lete hain kuchh shulk lete hain to aasha hai ki aap sabhee ko hai kitaab suna hoga shukriya

#टेक्नोलॉजी

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किस प्रकार के ऐप मोबाइल में रखने पर वायरस आने की संभावना ज्यादा रहती है?Kis Prakaar Ke App Mobile Me Rakhne Par Virus Aane Ki Sambhawana Jyada Rehati Hai
Raghvendra  Tiwari Pandit Ji Bolkar App
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Unknown
2:08
हेलो सर नमस्कार जैसा की आप का प्रश्न है किस प्रकार की एक मोबाइल में रखने पर वायरस आने की संभावना ज्यादा रहती है वायरस जो होता है वह रात नेट से कोई चीज डाउनलोड कर रहे हैं या फिर आप अपनी फाइल को एप्लीकेशन जो है एक दूसरे के साथ शेयर कर रहे हैं किसी के साथ है आप उसे साझा करते हैं तो उस कंडीशन में आपके मोबाइल में जो है वायरस आने की चांस जो है वह बढ़ जाते हैं ऐसा कोई एप्लीकेशन नहीं है फ्रेंड की जिस को इंस्टॉल करने से आपका मोबाइल में वायरस आ जाएगा वायरस तभी आता है जब आप तो उसे बुलावा देते हैं और गुलाब देते हैं जैसे आप नेट से कोई चीज डाउनलोड करते हैं तो वह चीज जो होती है वह अन सिक्योर होती है फ्रेंड इसीलिए हमारे मोबाइल में देखते होंगे लगभग सभी के मोबाइल में एंटीवायरस का जो है एक एप्लीकेशन होता है आजकल अपसेट में भी मौजूद होने लगा सेट वाले खुद जो है एक एंटीवायरस एप्लीकेशन का जो है ऐप देते हैं और उसी एप्लीकेशन के द्वारा जो है सारे बाय रसूल का खात्मा किया जाता है और जब आप कहीं से मतलब डाउनलोड करते हैं और कुछ चाहिए मुझे सुबह जाए वीडियो में ऑडियो हुए आईटीसी कुछ भी हुआ डाक्यूमेंट्स हुआ तो जवाब तो ऐसे करते हैं तो नेट पर आपने देखा होगा सारी चीजें खुली होती हैं वहां पर किसी प्रकार की कोई सिक्योरिटी नहीं होती है फिर तुझे वह करते हैं तू वह पूरा अनसिक्योर्ड फाइल जो है आपके मोबाइल में आता है और जब आता है तो साथ ही साथ अगर उसमें वायरस होता है तो उसे भी ले आता है लेकिन आपके मोबाइल में जो एंटीवायरस एप्लीकेशन होता है वह रहने के बाद जो है आपका मोबाइल स्विच ऑफ हो जाता है एंटीवायरस अपना काम शुरू कर देता है जो भी मैसेज होते हैं उन्हें मार देता है तो आशा है कि आप सभी को धन्यवाद पसंद आया होगा धन्यवाद
Helo sar namaskaar jaisa kee aap ka prashn hai kis prakaar kee ek mobail mein rakhane par vaayaras aane kee sambhaavana jyaada rahatee hai vaayaras jo hota hai vah raat net se koee cheej daunalod kar rahe hain ya phir aap apanee phail ko epleekeshan jo hai ek doosare ke saath sheyar kar rahe hain kisee ke saath hai aap use saajha karate hain to us kandeeshan mein aapake mobail mein jo hai vaayaras aane kee chaans jo hai vah badh jaate hain aisa koee epleekeshan nahin hai phrend kee jis ko instol karane se aapaka mobail mein vaayaras aa jaega vaayaras tabhee aata hai jab aap to use bulaava dete hain aur gulaab dete hain jaise aap net se koee cheej daunalod karate hain to vah cheej jo hotee hai vah an sikyor hotee hai phrend iseelie hamaare mobail mein dekhate honge lagabhag sabhee ke mobail mein enteevaayaras ka jo hai ek epleekeshan hota hai aajakal apaset mein bhee maujood hone laga set vaale khud jo hai ek enteevaayaras epleekeshan ka jo hai aip dete hain aur usee epleekeshan ke dvaara jo hai saare baay rasool ka khaatma kiya jaata hai aur jab aap kaheen se matalab daunalod karate hain aur kuchh chaahie mujhe subah jae veediyo mein odiyo hue aaeeteesee kuchh bhee hua daakyooments hua to javaab to aise karate hain to net par aapane dekha hoga saaree cheejen khulee hotee hain vahaan par kisee prakaar kee koee sikyoritee nahin hotee hai phir tujhe vah karate hain too vah poora anasikyord phail jo hai aapake mobail mein aata hai aur jab aata hai to saath hee saath agar usamen vaayaras hota hai to use bhee le aata hai lekin aapake mobail mein jo enteevaayaras epleekeshan hota hai vah rahane ke baad jo hai aapaka mobail svich oph ho jaata hai enteevaayaras apana kaam shuroo kar deta hai jo bhee maisej hote hain unhen maar deta hai to aasha hai ki aap sabhee ko dhanyavaad pasand aaya hoga dhanyavaad

#टेक्नोलॉजी

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चेहरे पर दूध की मलाई लगाने से क्या होता है?Chehre Par Dudh Ki Malai Lgane Se Kya Hota Hai
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Unknown
1:02
हेलो फ्रेंड नमस्कार जैसा कि आपका प्रश्न है चेहरे पर दूध की मलाई लगाने से क्या होता है देखा जाता है कि हल्दी दूध और मलाई की तीन चीजें अगर आप मिलाकर जो है तुम चेहरे पर लगाते हैं तो ऐसा माना जाता है कि आपका चेहरा जो है वह मुलायम होता है और चेहरे पर जो कहीं पर गंदगी होती है जैसे कि एक प्रकार की मैल आप समझ लीजिए अगर होती है तो इन सब से छुड़ाने में जो है आसानी होती अगर आप लगाकर उसे आप ऐसा करते हैं मिलते हैं जैसे कि आप क्रीम लगाते हैं वह उस तरीके से तो चेहरे पर जो भी जिसे धूल के कण वगैरा होते हैं वह खत्म हो जाते हैं और अगर कहीं पर मेल है वह भी खत्म हो जाती हो चेहरा जो है वह एक साइनिंग देता है और एक मुलायम जो है चेहरा आपका होता है फ्रेंड तो आशा है कि आप सभी को यह जवाब पसंद शुक्रिया
Helo phrend namaskaar jaisa ki aapaka prashn hai chehare par doodh kee malaee lagaane se kya hota hai dekha jaata hai ki haldee doodh aur malaee kee teen cheejen agar aap milaakar jo hai tum chehare par lagaate hain to aisa maana jaata hai ki aapaka chehara jo hai vah mulaayam hota hai aur chehare par jo kaheen par gandagee hotee hai jaise ki ek prakaar kee mail aap samajh leejie agar hotee hai to in sab se chhudaane mein jo hai aasaanee hotee agar aap lagaakar use aap aisa karate hain milate hain jaise ki aap kreem lagaate hain vah us tareeke se to chehare par jo bhee jise dhool ke kan vagaira hote hain vah khatm ho jaate hain aur agar kaheen par mel hai vah bhee khatm ho jaatee ho chehara jo hai vah ek saining deta hai aur ek mulaayam jo hai chehara aapaka hota hai phrend to aasha hai ki aap sabhee ko yah javaab pasand shukriya

#टेक्नोलॉजी

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एक कमरे के लिए कितनी प्रकाश व्यवस्था उपयुक्त होती है?Ek Kamre Ke Liye Kitni Prakaash Vyavastha Upayukt Hoti Hai
Raghvendra  Tiwari Pandit Ji Bolkar App
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Unknown
1:42
हेलो सर नमस्कार जैसा की आप का प्रेस ने एक कमरे के लिए कितनी प्रकाश व्यवस्था उपयुक्त होती है एक फ्रेंड एक कमरे के लिए जैसा कमरा हो जिस प्रकार का कमरा होगा छोटा सा कमरा है फ्रेंड तो उसमें कहीं से एक रोशनी की किरण ही काफी होती है फ्रेंड और अगर थोड़ा सा बड़ा कमरा है तो उसके लिए थोड़ी सी ठीक है बल्कि आवश्यकता पड़ती है एक लाइक की आवश्यकता पड़ती है बहुत सारे लोग होते हैं फ्रेंड जो कि उन्हें उजाला अच्छा लगता है तो अपने रूम में कई सारे बलम सुबह लगा देते हैं सारी लाइटिंग लगा दी थी उनकी कितनी मात्रा में किरण प्रकाश जो है कमरे के अंदर उपयुक्त होता है तो आपको बताना चाहता हूं प्रिंट कि वह कमरे की साइज 10 साल होता है अगर अमरा बहुत ज्यादा बड़ा नहीं है फ्रेंड तो कहीं से आप कोई खिड़की दर्द जो लगती है वह अगर खोल देंगे तो उसी के अनुसार ही उतना ही काफी होगा और अगर बहुत ज्यादा बढ़ा है रूम जो है तो लाइटिंग वगैरा के साथ-साथ चिड़िया भी खोलनी पड़ती है दरवाजा भी खोला जा सकता है फिर तो जिस तरह की की जो रूम होते हैं वह पे डिपेंड करता है कि रूम कैसा है रूम छोटा है तो खड़ी कि अगर आप नहीं खोलेंगे फिर भी एक बल्ब अगर आप वहां पर लटका देते हैं तो भी जो है वह अच्छी तरीके से काम करेगा तो आशा है कि आप सभी को है जवाब पसंद आया होगा शुक्रिया
Helo sar namaskaar jaisa kee aap ka pres ne ek kamare ke lie kitanee prakaash vyavastha upayukt hotee hai ek phrend ek kamare ke lie jaisa kamara ho jis prakaar ka kamara hoga chhota sa kamara hai phrend to usamen kaheen se ek roshanee kee kiran hee kaaphee hotee hai phrend aur agar thoda sa bada kamara hai to usake lie thodee see theek hai balki aavashyakata padatee hai ek laik kee aavashyakata padatee hai bahut saare log hote hain phrend jo ki unhen ujaala achchha lagata hai to apane room mein kaee saare balam subah laga dete hain saaree laiting laga dee thee unakee kitanee maatra mein kiran prakaash jo hai kamare ke andar upayukt hota hai to aapako bataana chaahata hoon print ki vah kamare kee saij 10 saal hota hai agar amara bahut jyaada bada nahin hai phrend to kaheen se aap koee khidakee dard jo lagatee hai vah agar khol denge to usee ke anusaar hee utana hee kaaphee hoga aur agar bahut jyaada badha hai room jo hai to laiting vagaira ke saath-saath chidiya bhee kholanee padatee hai daravaaja bhee khola ja sakata hai phir to jis tarah kee kee jo room hote hain vah pe dipend karata hai ki room kaisa hai room chhota hai to khadee ki agar aap nahin kholenge phir bhee ek balb agar aap vahaan par lataka dete hain to bhee jo hai vah achchhee tareeke se kaam karega to aasha hai ki aap sabhee ko hai javaab pasand aaya hoga shukriya

#टेक्नोलॉजी

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क्या सूर्य प्रकाश की ऊर्जा से मोबाइल चार्जिंग किया जा सकता है?Kya Surya Prakash Ki Urja Se Mobile Charging Kiya Ja Sakata Hai
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Unknown
2:28
हेलो फ्रेंड नमस्कार जैसा कि आपका प्रश्न है क्या सूर्य की ऊर्जा से मोबाइल चार्जिंग किया जा सकता है लेकिन फ्रेंड जरूर सूर की वजह से जो है मोबाइल चार्ज किया जा सकता है फ्रेंड आजकल आपने देखा होगा कि जो सौर ऊर्जा चलते हैं जैसे लाइट वगैरा जलती है इसमें कंपनी वाले सोसाइटी यह भी देते हैं कि अगर आपकी जो है चार्जिंग वाली टॉर्च है या फिर मोबाइल है तो उसे आप जो है चार्ज कर सकते हैं और अपनी सुविधा अनुसार जो है लाभ उठा सकते हैं हालांकि फ्रेंड इसमें एक चीज यह होती है कि जितनी अच्छी तरीके से जितना बैकअप जितना उर्जा लाइट से ले लेते हैं लाइट आपको दे देती है उतनी ऊर्जा जो है सौर ऊर्जा नहीं दे पाता है लाइट जो होता है फ्रेंड वह अपने आप में एक मैं बहुत ही ऊर्जावान होता है अब देखते हैं कि लाइट अगर हमें कहीं से करंट थोड़ा सा लग जाता है बहुत ही नॉर्मल हल्का सा लगता है तो भी हमें पूरा शरीर जो है झनझनाहट एडिटर में जो है बहुत ही तकलीफ होती है बहुत ज्यादा पेन होता है जबकि इतनी जो है ठीक जो है ऊर्जा सौर ऊर्जा में नहीं होती है फ्रेंड सौर ऊर्जा बहुत ही जैसे कि नॉर्मल तरीके से हम उपयोग कर सकते हैं इसका मोबाइल चार्जिंग के लिए कर सकते हैं लाइट जलाने के लिए कर सकते हैं सब चीजों के लिए हम उसका प्रयोग कर सकते हैं लेकिन आजकल भरते समय को देखते हुए फ्रेंड जैसे कि हम सुने होंगे कि इनवर्टर आप सभी लोग जानते हैं किन वाटर जो होता है वह एक बार लाइट से चार्ज कर दिया जाता है उसके बाद फिर चलता है लेकिन माहौल को देखते हुए कंपनी में सौर ऊर्जा का भी बना दिया है अब जो है इनवर्टर आप सौर ऊर्जा के माध्यम से रिचार्ज कर सकते हैं लेकिन जैसा हमने बताया कि सिर्फ उसका उपयोग जो है लाइट वगैरा के लिए ही किया जा सकता है अगर आप उससे ज्यादा लोग देते हैं तो वह आपका उतना बैकअप नहीं दे पाएगा जितना 180 देना होता है तो आशा सेंड कि आप सभी को है जवाब पसंद आया होगा धन्यवाद
Helo phrend namaskaar jaisa ki aapaka prashn hai kya soory kee oorja se mobail chaarjing kiya ja sakata hai lekin phrend jaroor soor kee vajah se jo hai mobail chaarj kiya ja sakata hai phrend aajakal aapane dekha hoga ki jo saur oorja chalate hain jaise lait vagaira jalatee hai isamen kampanee vaale sosaitee yah bhee dete hain ki agar aapakee jo hai chaarjing vaalee torch hai ya phir mobail hai to use aap jo hai chaarj kar sakate hain aur apanee suvidha anusaar jo hai laabh utha sakate hain haalaanki phrend isamen ek cheej yah hotee hai ki jitanee achchhee tareeke se jitana baikap jitana urja lait se le lete hain lait aapako de detee hai utanee oorja jo hai saur oorja nahin de paata hai lait jo hota hai phrend vah apane aap mein ek main bahut hee oorjaavaan hota hai ab dekhate hain ki lait agar hamen kaheen se karant thoda sa lag jaata hai bahut hee normal halka sa lagata hai to bhee hamen poora shareer jo hai jhanajhanaahat editar mein jo hai bahut hee takaleeph hotee hai bahut jyaada pen hota hai jabaki itanee jo hai theek jo hai oorja saur oorja mein nahin hotee hai phrend saur oorja bahut hee jaise ki normal tareeke se ham upayog kar sakate hain isaka mobail chaarjing ke lie kar sakate hain lait jalaane ke lie kar sakate hain sab cheejon ke lie ham usaka prayog kar sakate hain lekin aajakal bharate samay ko dekhate hue phrend jaise ki ham sune honge ki inavartar aap sabhee log jaanate hain kin vaatar jo hota hai vah ek baar lait se chaarj kar diya jaata hai usake baad phir chalata hai lekin maahaul ko dekhate hue kampanee mein saur oorja ka bhee bana diya hai ab jo hai inavartar aap saur oorja ke maadhyam se richaarj kar sakate hain lekin jaisa hamane bataaya ki sirph usaka upayog jo hai lait vagaira ke lie hee kiya ja sakata hai agar aap usase jyaada log dete hain to vah aapaka utana baikap nahin de paega jitana 180 dena hota hai to aasha send ki aap sabhee ko hai javaab pasand aaya hoga dhanyavaad

#टेक्नोलॉजी

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कंप्यूटर में शॉर्टकट कीज कौन-कौन सी हैं?Computer Me Shortcut Keys Kon Kon Si Hai
Raghvendra  Tiwari Pandit Ji Bolkar App
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Unknown
3:57
हेलो फ्रेंड नमस्कार जैसा कि आपका प्रश्न है कंप्यूटर में शॉर्टकट कीज कौन-कौन सी है लेकिन मैं आपको बेसिक शॉर्टकट कीस कुछ बताता हूं जैसे कि आर्ट प्लस एप का आगरा बर्तन यूज करते हैं तो आप फाइल मेनू ऑप्शन सिंह कटिंग प्रोग्राम होगा ओपन होगा जो आपका करंट प्रोग्राम चल रहा है वह किन होगा और 8 प्लस ही अगर करते हैं तो एडिट ऑप्शन इन करंट प्रोग्राम कहीं अगर आप प्रोग्राम चला रहे हैं करंट में और आपको इधर ना हुआ तो आज पैसे का उपयोग होगा F1 अगर आप करते हैं फ्रेंड तो यूनिवर्सल हेल्प मिलेगी फॉर ऑल प्रोग्राम के लिए और अगर कंट्रोल प्लस 1 का यूज करते हैं तो सिलेक्ट ऑल टैक्स जो ऑल टैक्सेस होते हैं जो टेस्ट होते हैं उनको सिलेक्ट किया जाता है और कंट्रोल प्लस एक्स का अगर करते हैं तो कट सिलेक्टेड जो आइटम आपके सिलेक्ट किया है वो कट हो जाता है और अगर आप शिफ्ट प्लस डीजल का प्रयोग करते हैं तो सिलेक्टाइटम जो होते हैं वह कटे हो जाते हैं फ्रेंड और रही बात वर्ड शॉर्टकट कीस के बारे में फ्रेंड में आपको कुछ बता देता हूं कि कंट्रोल प्लस ए का उपयोग जवाब करते हैं तो सिलेक्ट ऑल कंटेंट ऑफ द पेज ओपन हो जाता है और कंट्रोल प्लस बी अगर करते हैं तो बोर्ड हाइलाइटेड सिलेक्शन यह हो जाता है फ्रेंच ओपन और कंट्रोल प्लस सी जॉब करते हैं तो कॉपी सिलेक्टेड टैक्स ऊपर हो जाता है कंट्रोल प्लस एक्स अगर करते हैं तो कट सिलेक्टेड टेक्स्ट ओपन हो जाता है कंट्रोल प्लस ए फक्र करते हैं तो ओपन फाइंड बॉक्स आ जाता है किसी को सर्च अगर करना हो तो वह बाहर आ जाता है 1 साल की हम कुछ बात ही दिए जान लेते हैं कि एक्शन में हमें ए कौन कौन सी साइट की जो है मिलती है जैसी कि अगर आप f2 करते हैं तो इस जिद्दी सिलेक्टेड सेल्स जो आपका दिल होता है वह यह सिलेक्ट हो जाएगा एडिट करने के लिए यह 5 का घर प्रयोग करते हैं 1 साल में तो गो टू द स्पेशल सेल जो चल होता है वह उसमें आप को दिखाई देगा और या फिर करते हैं तो क्रिएट ए चार्ट आपका जो एक चार्ट बनता है वह आप क्रिएट कर सकते हैं और अगर आप कंट्रोल प्लस बी का उपयोग करते हैं तो उससे बेस्ट होगा कंट्रोल प्लस सी करते हैं तो कॉपी सिलेक्टेड टेस्ट होगा कि मैं आपको 1 साल की बात बता रहा हूं फ्रेंड्स और कंट्रोल प्लस वो करेंगे तो ओपन ऑप्शन होगा और कंट्रोल प्लस सीजन करेंगे तो ओपन न्यू डॉक्यूमेंट हो जाएगा और कंट्रोल प्लस यस करेंगे तो आपकी जो फाइल होगी वह आपकी जो है डॉक्यूमेंट के कैसे हो जाएगी फ्रेंड आई हम थोड़ा सा वर्ड माइक्रोसॉफ्ट विंडोज के बारे में शॉर्टकट जान लेते हैं फ्रेंड जैसे कि अगर आप 8 प्लस टाइप करते हैं तो स्विच बिटवीन ओपन एप्लीकेशंस यह हो जाता है और अगर आर्टलेस प्रिंट स्क्रीन करते हैं तो क्रिएट अ स्क्रीनशॉट ऑन करंट प्रोग्राम यह आता है और यह तो कार्य करते हैं तेरी नियम सिलेक्टेड आइकन आ जाता है आपको अगर रिंिम करना है तो यह श्री का उपयोग करते हैं तो स्टार्ट फाइल फ्रॉम डेस्कटॉप आ जाता है फ्रेंड तो बहुत सारी ऐसी साइट की है जो हमें याद करनी पड़ती है फ्रेंड याद रखा जा सकता है और अगर आप नहीं कर सकते तो देख देख कर जो है आप कंप्यूटर सेट की का इस्तेमाल जो है वह कर सकते हैं फ्रेंड और आशा होगा कि आप सभी को यह जानकारी पसंद आएगी नमस्कार
Helo phrend namaskaar jaisa ki aapaka prashn hai kampyootar mein shortakat keej kaun-kaun see hai lekin main aapako besik shortakat kees kuchh bataata hoon jaise ki aart plas ep ka aagara bartan yooj karate hain to aap phail menoo opshan sinh kating prograam hoga opan hoga jo aapaka karant prograam chal raha hai vah kin hoga aur 8 plas hee agar karate hain to edit opshan in karant prograam kaheen agar aap prograam chala rahe hain karant mein aur aapako idhar na hua to aaj paise ka upayog hoga f1 agar aap karate hain phrend to yoonivarsal help milegee phor ol prograam ke lie aur agar kantrol plas 1 ka yooj karate hain to silekt ol taiks jo ol taikses hote hain jo test hote hain unako silekt kiya jaata hai aur kantrol plas eks ka agar karate hain to kat silekted jo aaitam aapake silekt kiya hai vo kat ho jaata hai aur agar aap shipht plas deejal ka prayog karate hain to silektaitam jo hote hain vah kate ho jaate hain phrend aur rahee baat vard shortakat kees ke baare mein phrend mein aapako kuchh bata deta hoon ki kantrol plas e ka upayog javaab karate hain to silekt ol kantent oph da pej opan ho jaata hai aur kantrol plas bee agar karate hain to bord hailaited silekshan yah ho jaata hai phrench opan aur kantrol plas see job karate hain to kopee silekted taiks oopar ho jaata hai kantrol plas eks agar karate hain to kat silekted tekst opan ho jaata hai kantrol plas e phakr karate hain to opan phaind boks aa jaata hai kisee ko sarch agar karana ho to vah baahar aa jaata hai 1 saal kee ham kuchh baat hee die jaan lete hain ki ekshan mein hamen e kaun kaun see sait kee jo hai milatee hai jaisee ki agar aap f2 karate hain to is jiddee silekted sels jo aapaka dil hota hai vah yah silekt ho jaega edit karane ke lie yah 5 ka ghar prayog karate hain 1 saal mein to go too da speshal sel jo chal hota hai vah usamen aap ko dikhaee dega aur ya phir karate hain to kriet e chaart aapaka jo ek chaart banata hai vah aap kriet kar sakate hain aur agar aap kantrol plas bee ka upayog karate hain to usase best hoga kantrol plas see karate hain to kopee silekted test hoga ki main aapako 1 saal kee baat bata raha hoon phrends aur kantrol plas vo karenge to opan opshan hoga aur kantrol plas seejan karenge to opan nyoo dokyooment ho jaega aur kantrol plas yas karenge to aapakee jo phail hogee vah aapakee jo hai dokyooment ke kaise ho jaegee phrend aaee ham thoda sa vard maikrosopht vindoj ke baare mein shortakat jaan lete hain phrend jaise ki agar aap 8 plas taip karate hain to svich bitaveen opan epleekeshans yah ho jaata hai aur agar aartales print skreen karate hain to kriet a skreenashot on karant prograam yah aata hai aur yah to kaary karate hain teree niyam silekted aaikan aa jaata hai aapako agar rinim karana hai to yah shree ka upayog karate hain to staart phail phrom deskatop aa jaata hai phrend to bahut saaree aisee sait kee hai jo hamen yaad karanee padatee hai phrend yaad rakha ja sakata hai aur agar aap nahin kar sakate to dekh dekh kar jo hai aap kampyootar set kee ka istemaal jo hai vah kar sakate hain phrend aur aasha hoga ki aap sabhee ko yah jaanakaaree pasand aaegee namaskaar

#टेक्नोलॉजी

Raghvendra  Tiwari Pandit Ji Bolkar App
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Unknown
1:54
हेलो फ्रेंड्स नमस्कार जैसा कि आपका प्रश्न है मैंने हाल ही में गूगल पर पड़ा कि मीठा खाने का संबंध डायबिटीज से नहीं है क्या यह सच है जी हां फ्रेंड की बिल्कुल भी सत्य है देखी फ्रेंड डायबिटीज का मतलब यह नहीं है कि मीठा खाने से ही होता है डायबिटीज के कारणों से होता है डायबिटीज अगर हम बहुत ज्यादा सोच रहे हैं किसी से सब्जेक्ट से विचार कर रहे हैं टेंशन में है डिप्रेशन में है उस कंडीशन में भी आपको डायबिटीज की प्रॉब्लम से जो है हो सकती हैं फ्रेंड्स आप जैसे इधर उधर का खाना बहुत ज्यादा खा रहे हैं तो वह सकती हैं फ्रेंड जब भी हमारी इमली सिस्टम जो है कमजोर होने लगती है वहीं से हमारे बॉडी में सारी बीमारियां जो है आने लगती है आपने देखा होगा इन्फेंट हमने खुद देखा है कई ऐसे बुड्ढों को कैसे बुजुर्ग बेटी को वह जो है बुड्ढे हो गए हैं लेकिन उनकी इमेज सिस्टम अभी भी मजबूत है और वह किसी भी प्रकार की जो है दवाई का सेवन नहीं करते ना उनको शुगर है ना उनको ब्लड प्रेशर है इसी प्रकार की कोई समस्या नहीं है तो जहां तक मैंने जाना फ्रेंड जो निष्कर्ष निकाला है वह यही है कि अगर आपकी मिनी सिस्टम अच्छी है पाचन क्रिया अच्छी है तो आपको किसी प्रकार की कोई प्रॉब्लम नहीं आएंगी लेकिन अगर वही गड़बड़ है तो आपको सारी प्रॉब्लम से आने शुरू हो जाएंगे तो डिप्रेशन हो गया और भी कई प्रकार के जो है समस्याएं होती है मीठा हो भी हो गया एक समय के बाद आप थोड़ा मीठा ज्यादा सेवन करते हैं तो डायबिटीज की प्रॉब्लम होने लगती है और अगर आप ज्यादा सोचते भी चाहते हैं डिप्रेशन में रहते हैं तो उससे भी आपको शुगर की समस्या होने के चांसेस बढ़ जाते हैं तो आशा फ्रेंड कि आपको जवाब पसंद आया होगा धन्यवाद
Helo phrends namaskaar jaisa ki aapaka prashn hai mainne haal hee mein googal par pada ki meetha khaane ka sambandh daayabiteej se nahin hai kya yah sach hai jee haan phrend kee bilkul bhee saty hai dekhee phrend daayabiteej ka matalab yah nahin hai ki meetha khaane se hee hota hai daayabiteej ke kaaranon se hota hai daayabiteej agar ham bahut jyaada soch rahe hain kisee se sabjekt se vichaar kar rahe hain tenshan mein hai dipreshan mein hai us kandeeshan mein bhee aapako daayabiteej kee problam se jo hai ho sakatee hain phrends aap jaise idhar udhar ka khaana bahut jyaada kha rahe hain to vah sakatee hain phrend jab bhee hamaaree imalee sistam jo hai kamajor hone lagatee hai vaheen se hamaare bodee mein saaree beemaariyaan jo hai aane lagatee hai aapane dekha hoga inphent hamane khud dekha hai kaee aise buddhon ko kaise bujurg betee ko vah jo hai buddhe ho gae hain lekin unakee imej sistam abhee bhee majaboot hai aur vah kisee bhee prakaar kee jo hai davaee ka sevan nahin karate na unako shugar hai na unako blad preshar hai isee prakaar kee koee samasya nahin hai to jahaan tak mainne jaana phrend jo nishkarsh nikaala hai vah yahee hai ki agar aapakee minee sistam achchhee hai paachan kriya achchhee hai to aapako kisee prakaar kee koee problam nahin aaengee lekin agar vahee gadabad hai to aapako saaree problam se aane shuroo ho jaenge to dipreshan ho gaya aur bhee kaee prakaar ke jo hai samasyaen hotee hai meetha ho bhee ho gaya ek samay ke baad aap thoda meetha jyaada sevan karate hain to daayabiteej kee problam hone lagatee hai aur agar aap jyaada sochate bhee chaahate hain dipreshan mein rahate hain to usase bhee aapako shugar kee samasya hone ke chaanses badh jaate hain to aasha phrend ki aapako javaab pasand aaya hoga dhanyavaad

#टेक्नोलॉजी

bolkar speaker
मीठा खाने का सबसे उपयुक्त विकल्प कौन सा है?Meetha Khane Ka Sabse Upyukt Vikalp Kaun Sa Hai
Raghvendra  Tiwari Pandit Ji Bolkar App
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Unknown
1:00
हेलो फ्रेंड नमस्कार जैसा कि आपका प्रश्न है मीठा खाने का सबसे उपर्युक्त विकल्प कौन सा है मीठा खाने का जो उपयुक्त समय बताया गया वह फिर आपको कोशिश करें तो खाना खाने के बाद खाना चाहिए क्योंकि जब भी आप खाना खाने के बाद कोई चीज खाते हैं इंपैक्ट खास करके मीठा करा खाते हैं वह आपकी पाचन क्रिया जो हो बहुत ही दुरुस्त करती है आपकी उंगली सिस्टम को भी ऐसा देखा गया है कि बढ़ावा मिलता है और वह शादी के बाद जो है बहुत ही ज्यादा लाभदायक होता है क्योंकि हम कहते भी हैं कि खाना खाने के बाद अगर कुछ अलग मिल जाए तो मजा आ जाएगा ऐसा आप लोगों को सुनने को मिला होगा तो फिर खाना खाने के बाद आप नीचे का सेवन करते हैं तुमको अति उत्तम रूप में माना गया है तो आशा है कि आप सभी को है जवाब पसंद आया होगा धन्यवाद
Helo phrend namaskaar jaisa ki aapaka prashn hai meetha khaane ka sabase uparyukt vikalp kaun sa hai meetha khaane ka jo upayukt samay bataaya gaya vah phir aapako koshish karen to khaana khaane ke baad khaana chaahie kyonki jab bhee aap khaana khaane ke baad koee cheej khaate hain impaikt khaas karake meetha kara khaate hain vah aapakee paachan kriya jo ho bahut hee durust karatee hai aapakee ungalee sistam ko bhee aisa dekha gaya hai ki badhaava milata hai aur vah shaadee ke baad jo hai bahut hee jyaada laabhadaayak hota hai kyonki ham kahate bhee hain ki khaana khaane ke baad agar kuchh alag mil jae to maja aa jaega aisa aap logon ko sunane ko mila hoga to phir khaana khaane ke baad aap neeche ka sevan karate hain tumako ati uttam roop mein maana gaya hai to aasha hai ki aap sabhee ko hai javaab pasand aaya hoga dhanyavaad

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bolkar speaker
पेट बाहर निकलने के क्या कारण होते हैं?Pet Bahar Nikalne Ke Kya Karan Hote Hai
Raghvendra  Tiwari Pandit Ji Bolkar App
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Unknown
4:59
हेलो सर नमस्कार जैसा कि आपका प्रश्न है पेट बाहर निकलने की क्या कारण होते हैं लेकिन पेट बाहर निकलने के जो है बहुत सारे कारण होते हैं जैसे कि आप अगर वाली कोई चीज खा रहे हैं जिससे कि तालाब में ज्यादा खा रहे हैं या फिर खाने के बाद जो है तुरंत आप लेट जाते हैं आराम करने के लिए तो उस कंडीशन में जो है आपका जो खाना रहता है जो कि आप खाए पिए रहते हैं उसकी पाचन किया उस तरीके से नहीं हो पाती है जिस तरीके से उसे होना चाहिए आपने देखा होगा कभी कभी कुछ लोग होते हैं बहुत ज्यादा खा लेते हैं तो बोलते हैं कि आज बहुत ज्यादा खा लिया तू कुछ लोग सलाह देते हैं राय देते हैं कि थोड़ा सा आप aa12 चक्कर लगा लीजिए फिर थोड़ा सा घूम लीजिए उसे क्या होता है फ्रेंड की जो खाना आर्टिस्ट नहीं हुआ रहता वह अपनी जगह पे आर्टिस्ट हो जाता और पाचन क्रिया करने में आसानी होती है लेकिन जब ही पाचन किया नहीं हो पाती तो वह एक एसिडिटी का रूप ले लेती है गैस का रूप ले लेती है बहुत सारे लोग आपने देखा होगा कि रात्रि के टाइम शाम के टाइम जो है वह बहुत ही नॉर्मल भोजन ना की जितना भोजन करके हो सोते हैं उनको डर रहता है कि कहीं अगर हम ज्यादा खा लिए तो हमारी पेट में जो है गैस एसिडिटी की समस्या बन जाएगी और यही कारण होता है सही आजकल लोगों में गैस एसिडिटी जो प्रॉब्लम्स बट रही है क्या सही तरीके से हो नहीं पाती तो वह गैस एसिडिटी का भयंकर रूप ले लेती है इसे खत्म करने के लिए फ्रेंड जब भी आप खाना खाए तो जैसे कि अगर सुबह के टाइम आप खाना खा रहे हैं तो ज्यादा खा सकते हैं लेकिन खाने के बाद तुरंत आराम नहीं करना है फ्री खाने के बाद तुरंत बैठना नहीं है थोड़ा सा आपको घूमता है लेना है 2 मिनट 4 मिनट जो है इधर उधर जो है यानी कि फर्जी स्टिंग करने के लिए उचित समय देना है पैसे की मशीन होता है उसमें हम कोई चीज डालते हैं या फिर कोई चीज करते हैं तो वह मशीन होता है उसे हम चाहे जब जो है करीब कोई प्रॉब्लम नहीं है उसी तरीके से हमारा जो पार्टी है हमारी जो मिनी सिस्टम है जो पाचन क्रिया है वह की मशीन ही है पर इसकी देखभाल जो है हमें खुद ही करनी पड़ती है फर्क सिर्फ इतना है कि लेख जा रही जो मशीन होती है वह मार्केट में बिगड़ने पर तुरंत बन जाती है कोई प्रभाव नहीं पड़ता लेकिन इंसान ही मशीन अगर एक बार यह प्रॉब्लम में आ जाती है सहन तो निरंतर इंसान को प्रॉब्लम ही प्रॉब्लम आते रहते हैं अगर आपको गैस की एक बार समस्या बन गई तो कोई भी डॉक्टर उसे ठीक नहीं कर सकता आप जो है एडिट के ही सहारे हमेशा कभी आपको गैस की समस्या होगी तो आपको एक टेबलेट दे दिया जाएगा उसे आराम हो जाएगा लेकिन यह नहीं हो सकता कि आपको हमेशा के लिए उससे छुटकारा मिल जाए तो उसका बस यही उपाय फ्रेंड कि आप जब भी खाना खाए तो नियमित रूप से खाएं पहली बात तो यह अगर आप 24 घंटा खा रहे हैं बेटाइम खा रहे हैं तू भी गैस एसिडिटी प्रॉब्लम देखिए प्रिंट मेन प्रॉब्लम जो होती है पेट निकलने वाली वह यहीं से शुरूआत होती है गैस एसिडिटी से या फिर हम छोड़ देते हैं गैस एसिडिटी के बारे में मेन टॉपिक पर यहीं पर आते हैं कि पेट किस प्रकार से निकलता है तो पेट यहीं से भी निकलता है फ्रेंड जब हम खाना खाते हैं और थोड़ा सा घूमते डालते नहीं है वह खाना जो है वह अच्छी तरीके से आशीष नहीं हो पाता है और वह एक फैलाओ का कार्य करता है जब वो एक फैलाओ का कार्य करेगा तो आने के साथ-साथ आपका भी तुझी से लेगा क्योंकि बेटी वह खाना रहता है और पेट में जो वह खाना खुलता है तो उसके साथ-साथ पेट को भी लेकर बुक फूलता है फ्रेंड तो यही सब कंडीशन होती हैं अगर आप नियमित रूप से सर्वप्रथम तो आपको ध्यान देना है कि भोजन पानी जो भी आप कर रहे हैं वह आपको नियमित रूप से करना है टाइम टू टाइम करना है कि माल जी अगर आप 9:00 बजे 10:00 बजे खाते हैं तो आपको 9:10 बजे तक किसी भी कंडीशन में खा लेना है अगर उसके बाद आप खाएंगे तो आपको प्रॉब्लम आ जाएगी ऐसी छोटी मोटी जानकारियां ध्यान में रखें सब सही होगा
Helo sar namaskaar jaisa ki aapaka prashn hai pet baahar nikalane kee kya kaaran hote hain lekin pet baahar nikalane ke jo hai bahut saare kaaran hote hain jaise ki aap agar vaalee koee cheej kha rahe hain jisase ki taalaab mein jyaada kha rahe hain ya phir khaane ke baad jo hai turant aap let jaate hain aaraam karane ke lie to us kandeeshan mein jo hai aapaka jo khaana rahata hai jo ki aap khae pie rahate hain usakee paachan kiya us tareeke se nahin ho paatee hai jis tareeke se use hona chaahie aapane dekha hoga kabhee kabhee kuchh log hote hain bahut jyaada kha lete hain to bolate hain ki aaj bahut jyaada kha liya too kuchh log salaah dete hain raay dete hain ki thoda sa aap aa12 chakkar laga leejie phir thoda sa ghoom leejie use kya hota hai phrend kee jo khaana aartist nahin hua rahata vah apanee jagah pe aartist ho jaata aur paachan kriya karane mein aasaanee hotee hai lekin jab hee paachan kiya nahin ho paatee to vah ek esiditee ka roop le letee hai gais ka roop le letee hai bahut saare log aapane dekha hoga ki raatri ke taim shaam ke taim jo hai vah bahut hee normal bhojan na kee jitana bhojan karake ho sote hain unako dar rahata hai ki kaheen agar ham jyaada kha lie to hamaaree pet mein jo hai gais esiditee kee samasya ban jaegee aur yahee kaaran hota hai sahee aajakal logon mein gais esiditee jo problams bat rahee hai kya sahee tareeke se ho nahin paatee to vah gais esiditee ka bhayankar roop le letee hai ise khatm karane ke lie phrend jab bhee aap khaana khae to jaise ki agar subah ke taim aap khaana kha rahe hain to jyaada kha sakate hain lekin khaane ke baad turant aaraam nahin karana hai phree khaane ke baad turant baithana nahin hai thoda sa aapako ghoomata hai lena hai 2 minat 4 minat jo hai idhar udhar jo hai yaanee ki pharjee sting karane ke lie uchit samay dena hai paise kee masheen hota hai usamen ham koee cheej daalate hain ya phir koee cheej karate hain to vah masheen hota hai use ham chaahe jab jo hai kareeb koee problam nahin hai usee tareeke se hamaara jo paartee hai hamaaree jo minee sistam hai jo paachan kriya hai vah kee masheen hee hai par isakee dekhabhaal jo hai hamen khud hee karanee padatee hai phark sirph itana hai ki lekh ja rahee jo masheen hotee hai vah maarket mein bigadane par turant ban jaatee hai koee prabhaav nahin padata lekin insaan hee masheen agar ek baar yah problam mein aa jaatee hai sahan to nirantar insaan ko problam hee problam aate rahate hain agar aapako gais kee ek baar samasya ban gaee to koee bhee doktar use theek nahin kar sakata aap jo hai edit ke hee sahaare hamesha kabhee aapako gais kee samasya hogee to aapako ek tebalet de diya jaega use aaraam ho jaega lekin yah nahin ho sakata ki aapako hamesha ke lie usase chhutakaara mil jae to usaka bas yahee upaay phrend ki aap jab bhee khaana khae to niyamit roop se khaen pahalee baat to yah agar aap 24 ghanta kha rahe hain betaim kha rahe hain too bhee gais esiditee problam dekhie print men problam jo hotee hai pet nikalane vaalee vah yaheen se shurooaat hotee hai gais esiditee se ya phir ham chhod dete hain gais esiditee ke baare mein men topik par yaheen par aate hain ki pet kis prakaar se nikalata hai to pet yaheen se bhee nikalata hai phrend jab ham khaana khaate hain aur thoda sa ghoomate daalate nahin hai vah khaana jo hai vah achchhee tareeke se aasheesh nahin ho paata hai aur vah ek phailao ka kaary karata hai jab vo ek phailao ka kaary karega to aane ke saath-saath aapaka bhee tujhee se lega kyonki betee vah khaana rahata hai aur pet mein jo vah khaana khulata hai to usake saath-saath pet ko bhee lekar buk phoolata hai phrend to yahee sab kandeeshan hotee hain agar aap niyamit roop se sarvapratham to aapako dhyaan dena hai ki bhojan paanee jo bhee aap kar rahe hain vah aapako niyamit roop se karana hai taim too taim karana hai ki maal jee agar aap 9:00 baje 10:00 baje khaate hain to aapako 9:10 baje tak kisee bhee kandeeshan mein kha lena hai agar usake baad aap khaenge to aapako problam aa jaegee aisee chhotee motee jaanakaariyaan dhyaan mein rakhen sab sahee hoga

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bolkar speaker
मल्टीमीडिया क्या होता है?Multimedia Kya Hota Hai
Raghvendra  Tiwari Pandit Ji Bolkar App
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सुनिए Raghvendra जी का जवाब
Unknown
2:21
हेलो फ्रेंड्स नमस्कार जैसा कि आपका प्रश्न है मल्टीमीडिया क्या होता है देखिए फ्रेंड मल्टीमीडिया जो होता है वह कई सारे तत्वों से मिलकर बना होता है जैसे कि टेक्स्ट इमेज आर्ट साउंड एनिमेशन एंड वीडियो इन सभी तत्वों को फ्रेंड किसी कंप्यूटर है किसी इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस के माध्यम से इसमें प्रवेश कराया जाता है और मल्टीमीडिया आज के समय में सेंट सूचना तथा प्रयोग के का सबसे अधिक महत्वपूर्ण तथा लोकरी चेत्र बन गया है मल्टीमीडिया फ्रेंड दो शब्दों से मिलकर बना है मल्टी प्लस मीडिया जिसमें से मल्टी का मतलब होता है बहुत सारे तथा मीडिया का मतलब हुक्का होता है पैकेज या फिर एलिमेंट्स जैसे कि टेक्स्ट इमेज वीडियो एनिमेशन वीडियो इत्यादि तो आशा है फ्रेंड की आप सभी को या जवाब पसंद आया होगा फ्रेंड और मल्टीमीडिया के अंतर्गत फ्रेंड सूचनाओं को ऑडियो वीडियो इमेज एनीमेशन इतिहास के माध्यम से प्रस्तुत किया जाता है हम देखते हैं हम सुनते हैं सभी प्रकार के कार्य हम कर सकते हैं कंप्यूटर के क्षेत्र में हार्डवेयर के साथ-साथ सॉफ्टवेयर में भी काफी सुधार है फ्रेंड पहले हम कंप्यूटर के माध्यम से सिर्फ स्थित पिक्चर भेजो को एक स्थान पर तू साथ एक कंप्यूटर से दूसरे कंप्यूटर में भी सकते थे परंतु आज के समय में हम एनीमेशन ऑडियो क्लिप और वीडियो जो है मैसेज के रूप में एक कंप्यूटर से दूसरे कंप्यूटर में भेज सकते हैं और इससे जो है क्या है एक मल्टीमीडिया एनीमेशन टेक्नोलॉजी का क्षेत्र जो है माना जाता है यह मोबाइल में भी अब जो है मोबाइल से भी हम देखा जा सकता है और ट्रांसफर किया जा सकता है फ्रेंड चाहे वह पिक्चर हुआ चाहे फिर वह मीडिया ऑडियो हुआ वीडियो हुआ फोटो हुआ एनीमेशन वीडियो हुआ एटीसी तो आशा है फ्रेंड की आप सभी को है जानकारी पसंद आई होगी शुक्रिया
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bolkar speaker
प्राकृतिक परिस्थितिक तंत्र से आप क्या समझते हैं?Prakritik Paristhitik Tantra Se Aap Kya Samajhte Hai
Raghvendra  Tiwari Pandit Ji Bolkar App
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Unknown
0:48
हेलो सर नमस्कार जैसा कि आपका प्रश्न है प्राकृतिक पारिस्थितिक तंत्र से आप क्या समझते हैं दिखी फ्रेंड प्राकृतिक वैसे भी जो है इसे आप पारितंत्र इकोसिस्टम या फिर पारिस्थितिक तंत्र इकोलॉजिकल सिस्टम एक प्राकृतिक इकाई है जिसमें फ्रेंड एक क्षेत्र विशेष के सभी जीवधारी अर्थात पौधे जानवर और अणु जीव जो है वह शामिल होते हैं जो कि अपने अजय पर्यावरण के साथ आंसर की आ करके एक संपूर्ण जैविक इकाई बनाने का कार्य करते हैं तो आशा है फ्रेंड की आप सभी को यह जवाब पसंद आया होगा धन्यवाद
Helo sar namaskaar jaisa ki aapaka prashn hai praakrtik paaristhitik tantr se aap kya samajhate hain dikhee phrend praakrtik vaise bhee jo hai ise aap paaritantr ikosistam ya phir paaristhitik tantr ikolojikal sistam ek praakrtik ikaee hai jisamen phrend ek kshetr vishesh ke sabhee jeevadhaaree arthaat paudhe jaanavar aur anu jeev jo hai vah shaamil hote hain jo ki apane ajay paryaavaran ke saath aansar kee aa karake ek sampoorn jaivik ikaee banaane ka kaary karate hain to aasha hai phrend kee aap sabhee ko yah javaab pasand aaya hoga dhanyavaad

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Unknown
2:36
हेलो सर नमस्कार जैसा कि आपका प्रश्न है जब 1 लीटर पेट्रोल की कीमत में 2 किलो दूध खरीदा जा सकता है क्या दूध पीकर साइकिल चलाना बेहतर नहीं रहेगा आपकी राय क्या दिखे फ्रेंड आपकी राय बहुत ही बेहतर है उससे मैं सहमत हूं पेट्रोल की कीमत ज्यादा है तो आज दूध पीकर जो है साइकिल चलाई इससे आपका व्यायाम भी होगा और आपका जो पेट्रोल का खर्चा है वह भी बचेगा फ्रेंड यह जो होता है आपकी राय जो है वह कम दूरी के लिए अगर हम मान लेते हैं का में 1 किलोमीटर 2 किलोमीटर जाना है ऐसी 5 किलोमीटर 10 किलोमीटर मान लीजिए बहुत हद है मैं मान लूं कि मुझे 10 किलोमीटर तक साइकिल से जाना है तो आपकी राय कारगर होगी फ्रेंड कोई व्यक्ति को इंसान जो है 10 किलोमीटर तक जा सकता है अगर कहीं हमें दूर जाना होगा तो उसके लिए फ्रेंड हमें गाड़ी की बाई की आवश्यकता हरमीपंती ही पड़ती क्योंकि फ्रेंड साइकिल से हम इतनी दूरी जो है नहीं तय कर सकते जितनी कि हम एक बाइक से ऑफिस फोर व्हीलर से करते हैं तो फ्रेंड पेट्रोल मांगा हो ऐसी सस्ता हो अगर हमारी और सकता है तो हमें उसे लेना ही हो अदर वाइज हम अगर इस प्रकार का नहीं करते हैं तो हमें भाड़े की किराए की सहारे जो है उस स्थान पर पहुंचना पड़ेगा वाली की पेट्रोल की कीमत ज्यादा है और अगर आप कहीं पर जाना चाहते हैं तो आप किसी इंसान से लिफ्ट मांग कर जा सकते हैं या फिर किराए पर गाड़ी करके जा सकते हैं बड़ा करके जा सकते हैं कई रास्ते होते हैं लेकिन अगर आपको मंजिल पर पहुंचना है तो आपको खुद से जाना पड़ेगा या अगर पैसा वो चाहते हैं कि कम लगे तो आपको भाड़े की कि किराए वाली गाड़ी से जाना होगा जैसे कि बस इत्यादि इससे आप का किराया भी कम लगेगा और आप उस स्थान पर पहुंच जाएंगे लेकिन यह जो दूध पीकर साइकिल चलाने वाली बात ही कम समय कम दूरी के लिए फ्रेंड ज्यादा दूरी के लिए यह नहीं हो सकता तो आज फ्रेंड क्या सभी भाजपा पसंद होगा शुक्रिया
Helo sar namaskaar jaisa ki aapaka prashn hai jab 1 leetar petrol kee keemat mein 2 kilo doodh khareeda ja sakata hai kya doodh peekar saikil chalaana behatar nahin rahega aapakee raay kya dikhe phrend aapakee raay bahut hee behatar hai usase main sahamat hoon petrol kee keemat jyaada hai to aaj doodh peekar jo hai saikil chalaee isase aapaka vyaayaam bhee hoga aur aapaka jo petrol ka kharcha hai vah bhee bachega phrend yah jo hota hai aapakee raay jo hai vah kam dooree ke lie agar ham maan lete hain ka mein 1 kilomeetar 2 kilomeetar jaana hai aisee 5 kilomeetar 10 kilomeetar maan leejie bahut had hai main maan loon ki mujhe 10 kilomeetar tak saikil se jaana hai to aapakee raay kaaragar hogee phrend koee vyakti ko insaan jo hai 10 kilomeetar tak ja sakata hai agar kaheen hamen door jaana hoga to usake lie phrend hamen gaadee kee baee kee aavashyakata harameepantee hee padatee kyonki phrend saikil se ham itanee dooree jo hai nahin tay kar sakate jitanee ki ham ek baik se ophis phor vheelar se karate hain to phrend petrol maanga ho aisee sasta ho agar hamaaree aur sakata hai to hamen use lena hee ho adar vaij ham agar is prakaar ka nahin karate hain to hamen bhaade kee kirae kee sahaare jo hai us sthaan par pahunchana padega vaalee kee petrol kee keemat jyaada hai aur agar aap kaheen par jaana chaahate hain to aap kisee insaan se lipht maang kar ja sakate hain ya phir kirae par gaadee karake ja sakate hain bada karake ja sakate hain kaee raaste hote hain lekin agar aapako manjil par pahunchana hai to aapako khud se jaana padega ya agar paisa vo chaahate hain ki kam lage to aapako bhaade kee ki kirae vaalee gaadee se jaana hoga jaise ki bas ityaadi isase aap ka kiraaya bhee kam lagega aur aap us sthaan par pahunch jaenge lekin yah jo doodh peekar saikil chalaane vaalee baat hee kam samay kam dooree ke lie phrend jyaada dooree ke lie yah nahin ho sakata to aaj phrend kya sabhee bhaajapa pasand hoga shukriya

#टेक्नोलॉजी

bolkar speaker
जरूरत से ज्यादा पौधों को पानी देने से क्या क्या नुकसान होते है?Jarurat Se Jyada Paudho Ko Paani Dene Se Kya Kya Nuksan Hote Hai
Raghvendra  Tiwari Pandit Ji Bolkar App
Top Speaker,Level 22
सुनिए Raghvendra जी का जवाब
Unknown
2:24
हेलो सर नमस्कार जैसा की आप से नहीं जरूरत से ज्यादा पौधों को पानी देने से क्या क्या नुकसान होते हैं सर्वप्रथम तो एक-एक नुकसान ऐसा होता है जिसके हो जाने से किसी भी प्रकार के नुकसान की चिंता नहीं होती वह यह होता है कि अगर आप पौधों में ज्यादा पानी देते हैं तो पौधा सूख जाता है पौधा मुरझा जाता है कभी-कभी तुझे पौधा सूख जाएगा मुरझा जायेगा तो किसी की भी प्रकार की कोई अपेक्षा नहीं होगी अगर आपको पौधा जीवित रखना है उस पौधे से फल की प्राप्ति करनी है तो उसमें समय-समय पर पानी देना चाहिए थोड़ी-थोड़ी मात्रा में पानी देना चाहिए जैसे कि हम अपनी बॉडी पर यह बात मान लेते हैं कि जिस प्रकार से हमें एक गिलास अगर पानी की जो है प्यास है तुम एक ही क्लास लेंगे अगर उससे ज्यादा पानी की प्यास है तो हम एक लोटा पानी पी लिए ठीक है फ्रेंड इससे ज्यादा पानी हम नहीं पी सकते हैं सिम वही पोजीशन पौधे की होती है जितनी उसकी करती होती है जितनी उसकी क्षमता होती है अगर हम उतनी ही मात्रा में उसे दे तू पौधा निरंतर विकास करता रहेगा और आने वाले समय में अगर वह किसी भी फल का है तो आपको फल प्रदान करेगा अगर फूल कहां है तो आपको फूल प्रदान करेगा लेकिन इन पोजीशन अगर आप उसे ज्यादा मात्रा में दे देते हैं वह उसकी बिक्री जो है पौधों की में बढ़ोतरी की अपेक्षा वह उसे सुखा देगा तो फ्रेंड पौधों को जो है ज्यादा पानी देने से नुकसान होते हैं कभी-कभी तो पौधा सूखता नहीं है सिर्फ पीलापन होता है और उसकी जो मजबूती होती है वह कम हो जाती है कम होने लगती है इतनी पौधों को पानी थोड़ी-थोड़ी मात्रा में ही देना चाहिए उसका विकास हो सके तो आशा है कि आप सभी को झुका पसंद आया होगा धन्यवाद
Helo sar namaskaar jaisa kee aap se nahin jaroorat se jyaada paudhon ko paanee dene se kya kya nukasaan hote hain sarvapratham to ek-ek nukasaan aisa hota hai jisake ho jaane se kisee bhee prakaar ke nukasaan kee chinta nahin hotee vah yah hota hai ki agar aap paudhon mein jyaada paanee dete hain to paudha sookh jaata hai paudha murajha jaata hai kabhee-kabhee tujhe paudha sookh jaega murajha jaayega to kisee kee bhee prakaar kee koee apeksha nahin hogee agar aapako paudha jeevit rakhana hai us paudhe se phal kee praapti karanee hai to usamen samay-samay par paanee dena chaahie thodee-thodee maatra mein paanee dena chaahie jaise ki ham apanee bodee par yah baat maan lete hain ki jis prakaar se hamen ek gilaas agar paanee kee jo hai pyaas hai tum ek hee klaas lenge agar usase jyaada paanee kee pyaas hai to ham ek lota paanee pee lie theek hai phrend isase jyaada paanee ham nahin pee sakate hain sim vahee pojeeshan paudhe kee hotee hai jitanee usakee karatee hotee hai jitanee usakee kshamata hotee hai agar ham utanee hee maatra mein use de too paudha nirantar vikaas karata rahega aur aane vaale samay mein agar vah kisee bhee phal ka hai to aapako phal pradaan karega agar phool kahaan hai to aapako phool pradaan karega lekin in pojeeshan agar aap use jyaada maatra mein de dete hain vah usakee bikree jo hai paudhon kee mein badhotaree kee apeksha vah use sukha dega to phrend paudhon ko jo hai jyaada paanee dene se nukasaan hote hain kabhee-kabhee to paudha sookhata nahin hai sirph peelaapan hota hai aur usakee jo majabootee hotee hai vah kam ho jaatee hai kam hone lagatee hai itanee paudhon ko paanee thodee-thodee maatra mein hee dena chaahie usaka vikaas ho sake to aasha hai ki aap sabhee ko jhuka pasand aaya hoga dhanyavaad

#जीवन शैली

bolkar speaker
गुण किसे कहेंगे अपने विचार दे ?Gun Kise Kahenge Apne Vichaar Dein
Raghvendra  Tiwari Pandit Ji Bolkar App
Top Speaker,Level 22
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Unknown
2:01
हेलो फ्रेंड नमस्कार जैसा कि आपका प्रश्न गुण किसे कहेंगे अपने विचार दें जो होता है वह आप सभी जानते हैं की क्वालिटी को कहते हैं अगर हमारे पास किसी प्रकार की क्वालिटी नहीं है क्वालिटी का मतलब होता है फ्रेंड जैसे कि मीठा अगर एक होता है मान लीजिए किसी कोई मिठाई है और उसमें जो है किसी प्रकार की क्वालिटी नहीं है क्वालिटी का मतलब होता है कि मिठाई में जितना शुगर का मात्रा होता है उतना शुगर का माता हो मिठाई में और तरीके के जो पदार्थ पढ़ते हैं वह सब मिला हो या नहीं कि कोई मिलाजुला यह कहा जाए कि मिठाई जो है अतिथि के रुप में स्वादिष्ट हो तब उसने कहा जाता है कि नहीं मिठाई में एक क्वालिटी है सेम वही पोजीशन हमारे इंसानों में भी होती है जब इंसानों में मिठास होता है उनकी वाणी में मिठास होता है एक दूसरे के प्रति मिलनसार होते हैं सुख दुख में काम आने वाले होते हैं तो हम कहते हैं कि इससे व्यक्ति में जो है यह क्वालिटी है क्वालिटी का मतलब यही है फ्रेंड एक दूसरे के साथ जो है मिलनसार रूप से सम्मिलित रहना सुख दुख में साथ देना प्रेम भाव से एक दूसरे से मिलना किसी से ईर्ष्या ना करना शांत स्वभाव रखना यह सब इंसान की पार्टी है और वहीं दूसरी ओर जो है समय-समय पर सबसे झगड़ते रहना ठीक है फ्रेंड्स लोगों से देखकर ऐसा रखना मारपीट करना किसी को देखकर के मुंह फेर ना तो यह सब जो है इंसान की क्वालिटी नहीं है फ्रेंड यह बैड क्वालिटी होती है गुड क्वालिटी जैसा कि हमने पहली बताया कि लोग मिलनसार होते हैं एक दूसरे के साथ भाई चारे जैसा व्यवहार होता है सुख दुख में कार्य आने वाले होते हैं शांत स्वभाव के होते हैं यह इंसान के स्वभाव माने जाते हैं गुड माने जाते हैं तो आ जाएं फ्रेंड की आप सभी को है जवाब पसंद आया होगा धन्यवाद
Helo phrend namaskaar jaisa ki aapaka prashn gun kise kahenge apane vichaar den jo hota hai vah aap sabhee jaanate hain kee kvaalitee ko kahate hain agar hamaare paas kisee prakaar kee kvaalitee nahin hai kvaalitee ka matalab hota hai phrend jaise ki meetha agar ek hota hai maan leejie kisee koee mithaee hai aur usamen jo hai kisee prakaar kee kvaalitee nahin hai kvaalitee ka matalab hota hai ki mithaee mein jitana shugar ka maatra hota hai utana shugar ka maata ho mithaee mein aur tareeke ke jo padaarth padhate hain vah sab mila ho ya nahin ki koee milaajula yah kaha jae ki mithaee jo hai atithi ke rup mein svaadisht ho tab usane kaha jaata hai ki nahin mithaee mein ek kvaalitee hai sem vahee pojeeshan hamaare insaanon mein bhee hotee hai jab insaanon mein mithaas hota hai unakee vaanee mein mithaas hota hai ek doosare ke prati milanasaar hote hain sukh dukh mein kaam aane vaale hote hain to ham kahate hain ki isase vyakti mein jo hai yah kvaalitee hai kvaalitee ka matalab yahee hai phrend ek doosare ke saath jo hai milanasaar roop se sammilit rahana sukh dukh mein saath dena prem bhaav se ek doosare se milana kisee se eershya na karana shaant svabhaav rakhana yah sab insaan kee paartee hai aur vaheen doosaree or jo hai samay-samay par sabase jhagadate rahana theek hai phrends logon se dekhakar aisa rakhana maarapeet karana kisee ko dekhakar ke munh pher na to yah sab jo hai insaan kee kvaalitee nahin hai phrend yah baid kvaalitee hotee hai gud kvaalitee jaisa ki hamane pahalee bataaya ki log milanasaar hote hain ek doosare ke saath bhaee chaare jaisa vyavahaar hota hai sukh dukh mein kaary aane vaale hote hain shaant svabhaav ke hote hain yah insaan ke svabhaav maane jaate hain gud maane jaate hain to aa jaen phrend kee aap sabhee ko hai javaab pasand aaya hoga dhanyavaad

#जीवन शैली

bolkar speaker
क्या बाहरी सिंगार से मनुष्य के आंतरिक व्यक्तित्व की पहचान की जा सकती है?Kya Bahari Singaar Se Manushy Ke Aantarik Vyaktitv Kee Pehechan Kee Ja Sakti Hai
Raghvendra  Tiwari Pandit Ji Bolkar App
Top Speaker,Level 22
सुनिए Raghvendra जी का जवाब
Unknown
2:14
हेलो फ्रेंड्स नमस्कार जैसा कि आपका प्रश्न है क्या बाहरी सिंगार से मनुष्य की आंतरिक व्यक्तित्व की पहचान की जा सकती है बिल्कुल भी नहीं ऐसा बिल्कुल भी नहीं है कि हम अच्छे से पहन ले अच्छे से जो है मेकअप कर ले तो हमारी जो सुंदरता है वह हमारा व्यक्तित्व बताया कि ऐसा कुछ भी नहीं है फ्रेंड कई लोगों को आपने देखा होगा कि बहुत ही शादी में रहते हैं सिंपल में रहते हैं लेकिन वह अंदर से जो है बहुत ही जो है सही होते हैं और कई लोगों को देखा होगा बहुत ही अच्छे बन ठन के चलते हैं लेकिन अंदर से बहुत ही कष्ट हुआ व्यक्तित्व वाले होते हैं यह बिल्कुल भी नहीं निर्भर करता फ्रेंड की हमारी जो बाहरी सिंगार है उसे यह पता चलता है हालांकि यह कहीं न कहीं जो है कुछ हद तक जो है साबित हुआ है कि जिस प्रकार का हमारा व्यक्तित्व होता है उसी प्रकार का हमारा पहनावा अभी होता है यह काफी हद तक जो है लोगों में देखा गया है जानने को समझने को मिलता है फ्रेंड जैसी इस तरीके से आपकी सोच रहेगी जिस तरीके से आप सोचेंगे इस तरीके के आपका आंतरिक मन रहेगा आपका नवीन या फिर कपड़ा वगैरह आपका उसी तरीके से होता है जैसे कि जो लोग बहुत ही रोमांटिक तरीके से होते हैं तो आपने देखा होगा कि वह कपड़े वगैरह बहुत ही चमकीले पहनते हैं या फिर कलरफुल पहनते हैं जो लोग जो हैं बहुत ही धार्मिक प्रवृति के होते हैं आधे स्वभाव के होते हैं शांत स्वभाव के होते हैं उनका कपड़ा आप कभी भी भड़कीले कलर का नहीं पाएंगे वह ऑफिशियल करण कलर्स सिंपल कलर ही पहनते हैं ज्यादातर तो इन सब कंडीशन ओं को देखते हुए यह देखा गया है कि व्यक्तित्व का कहीं न कहीं प्रभाव जो है हमारे कपड़े मारी पहनने से यह पता चलता है कि इस आदमी की व्यक्तित्व क्या होती है या फिर इस आदमी की व्यक्तित्व क्या होगी तो आचार्य फ्रेंड की आप सभी को यह जवाब देना होगा धन्यवाद
Helo phrends namaskaar jaisa ki aapaka prashn hai kya baaharee singaar se manushy kee aantarik vyaktitv kee pahachaan kee ja sakatee hai bilkul bhee nahin aisa bilkul bhee nahin hai ki ham achchhe se pahan le achchhe se jo hai mekap kar le to hamaaree jo sundarata hai vah hamaara vyaktitv bataaya ki aisa kuchh bhee nahin hai phrend kaee logon ko aapane dekha hoga ki bahut hee shaadee mein rahate hain simpal mein rahate hain lekin vah andar se jo hai bahut hee jo hai sahee hote hain aur kaee logon ko dekha hoga bahut hee achchhe ban than ke chalate hain lekin andar se bahut hee kasht hua vyaktitv vaale hote hain yah bilkul bhee nahin nirbhar karata phrend kee hamaaree jo baaharee singaar hai use yah pata chalata hai haalaanki yah kaheen na kaheen jo hai kuchh had tak jo hai saabit hua hai ki jis prakaar ka hamaara vyaktitv hota hai usee prakaar ka hamaara pahanaava abhee hota hai yah kaaphee had tak jo hai logon mein dekha gaya hai jaanane ko samajhane ko milata hai phrend jaisee is tareeke se aapakee soch rahegee jis tareeke se aap sochenge is tareeke ke aapaka aantarik man rahega aapaka naveen ya phir kapada vagairah aapaka usee tareeke se hota hai jaise ki jo log bahut hee romaantik tareeke se hote hain to aapane dekha hoga ki vah kapade vagairah bahut hee chamakeele pahanate hain ya phir kalaraphul pahanate hain jo log jo hain bahut hee dhaarmik pravrti ke hote hain aadhe svabhaav ke hote hain shaant svabhaav ke hote hain unaka kapada aap kabhee bhee bhadakeele kalar ka nahin paenge vah ophishiyal karan kalars simpal kalar hee pahanate hain jyaadaatar to in sab kandeeshan on ko dekhate hue yah dekha gaya hai ki vyaktitv ka kaheen na kaheen prabhaav jo hai hamaare kapade maaree pahanane se yah pata chalata hai ki is aadamee kee vyaktitv kya hotee hai ya phir is aadamee kee vyaktitv kya hogee to aachaary phrend kee aap sabhee ko yah javaab dena hoga dhanyavaad

#भारत की राजनीति

bolkar speaker
शेयर मार्केट में कौन निवेश कर सकता है और कौन नहीं कर सकते हैं?Share Market Me Kon Nivesh Kar Sakta Hai Or Kon Nahi Kar Sakte Hai
Raghvendra  Tiwari Pandit Ji Bolkar App
Top Speaker,Level 22
सुनिए Raghvendra जी का जवाब
Unknown
4:59
हेलो फ्रेंड आप का प्रश्न है शेयर मार्केट में कौन निवेश कर सकता है और कौन नहीं कर सकते हैं दिखे फ्रेंड ऐसा कोई रूल नहीं है कि शेयर मार्केट में निवेश कर सकता है या फिर कौन निवेश कर सकता हां यह बंदिश जरूर है कि जैसे कि आपकी एज जो है वह अट्ठारह के ऊपर होनी चाहिए जैसे कि हमारे बैंकों में यह है कि जिन की एज 18 के ऊपर हो गई है वही मतलब बैंक में अकाउंट खुलवा सकते हैं वयस्क जो होते हैं वही जो है बैंक में अपना अकाउंट खुलवा सकते हैं हालांकि स्कॉलरशिप जो मिलती है कॉलेज के द्वारा खुलवाया जाता है वह भी जो है इसी के अंतर्गत आता है लेकिन भारत सरकार स्कॉलरशिप देती है उन्हें आगे प्रदान करने के लिए तुम का खाता जी से खुल जाता है लेकिन फिर भी कंडीशन हर जगह यही लागू होता है कि बच्चा समझदार हो गया हो बच्चे को यह चीज की जानकारी होनी चाहिए किस तरीके से ट्रांजैक्शन होता है बैंक किसे कहते हैं बैंक में क्या काम होता है इन सब की जानकारी होनी चाहिए सेम वही पोजीशन जो है हमारे शेयर मार्केट में भी होती है जहां पर भी सेम पोजीशन लागू होता है फ्रेंड ऐसा नहीं है कि अमीर लोग ही इस में इन्वेस्ट कर सकते हैं गरीब लोग नहीं कर सकते रीजन यह होता सेंड कि जैसे कि हम बैंक में कोई पैसा इन्वेस्टमेंट करते हैं तो हमारी अगर नहीं जानकारी भी है तो भी कोई बात नहीं होती हमारा पैसा जो है जमा कर दिए तो वह सिक्योर रहेगा बैंक इसकी फुल गारंटी देती है शेयर मार्केट जो होता है वह एकदम बहन की तरह ही होता है लेकिन यहां पर पैसा आप जब करते हैं लगाते हैं वह आपका सिक्योर नहीं होता अगर आपके पास जानकारी नहीं है कि शेयर मार्केट में पैसा इन्वेस्टमेंट कैसे किया जाता है शेयर मार्केट में पैसा कैसे लगाया जाता है यहां से प्रॉफिट कैसे निकाली जाए सकती है कब शेयर जो है जहां पर आता है कब इसका जो है उतार होता है इन सब की जानकारी अगर आपके पास नहीं है तो आपका पैसा जो है गुड्डू भी सकता है और प्रॉफिट भी आप कमा सकते हैं जैसे कि हमने कई लोगों को देखा उसे एक बार उन्होंने पैसा तो लगा दिया लेकिन जानकारी ना होने के कारण उनका सारा का सारा पैसा जो है वो टूट जाता है वहीं दूसरी ओर जो है पैसा लगा दिया और किस्मत उनका साथ दे गई तो उनका पैसा जो है डबल हो जाता है शेयर मार्केट अगर में सीधी सी भाषा में फ्रेंड कहो तो एक प्रकार का जुआ है जो आपकी किस्मत पर निर्भर करता है और किस्मत के साथ-साथ आपको जानकारी होनी चाहिए कई कई बार ऐसा होता फ्रेंड शेयर मार्केट के जानकार लोग भी यह नहीं समझ पाते कि इस प्रकार से कब उतार-चढ़ाव होना है किस प्रकार से कब क्या करना है क्योंकि इसमें अनु लगाना होता फिर अनुमान के तौर पर ही लगाना होती है हमने कोई लूट लिया माली जी मैंने कोई मोबाइल लिया मोबाइल कंपनी में मैंने इन्वेस्टमेंट किया किसी मोबाइल कंपनी में और मैं यह अनुमान लगाता हूं कि 1 साल बाद या 6 महीने बाद या फिर एक हफ्ते बाद इस कंपनी की जो इनकम होगी वह डबल होगी इसमें हमें इन्वेस्टमेंट करना चाहिए अगर फ्रेंड आपका अनुमान ही सही निकला एक हफ्ते बाद या फिर 1 महीने बाद उस कंपनी की जो है टर्नओवर जो है डबल होती है तब तो आपको बेनिफिट मिलता है क्योंकि आपकी सोच जो है आपका अनुमान जो है सही निकलता है लेकिन अगर आपने यह अनुमान लगाया हुआ है कि कंपनी की टर्नओवर ज्यादा होगी और कहीं ऐसा हो गया कि किसी कंडीशन के बजाय ऊपर होने की बजाय उसकी जो शादी थी उसकी जो इनकम थी वह डबल होने के अजय जो है आधी हो गई लॉस हो गई कंपनी जो है घाटे में चली गई तो आपका जो पैसा रहता है वह भी उसी में डूब जाता है इन सब जानकारी जब तक मेरे पास नहीं रहती है कि कौन सी कंपनी किस प्रकार से लाभ प्राप्त करती है कब तक लाभ प्राप्त करती है यह बहुत ही गहरी अध्ययन का जो है चित्र बताएं पेंट क्योंकि इसमें बिना अध्ययन किए जो है हम अगर वैसा लगाते हैं वह जोखिम से भरा होता है आदमी म्यूच्यूअल फंड का प्रचार एडवर्टाइजमेंट देखा होगा तो प्रचार देता है उसके बाद यह बात वह खुद कहता है कि म्यूचुअल फंड जो है जोखिमों के अधीन है कृपया इसमें पैसा लगाने से पूर्व दस्तावेजों को अच्छी तरीके से पढ़ ले क्या है किस कंडीशन से है ताकि अगर आप कल कुछ लॉस होता है तू कंपनी के ऊपर ना जाए उसका वाहन आप खुद ही करें धन्यवाद
Helo phrend aap ka prashn hai sheyar maarket mein kaun nivesh kar sakata hai aur kaun nahin kar sakate hain dikhe phrend aisa koee rool nahin hai ki sheyar maarket mein nivesh kar sakata hai ya phir kaun nivesh kar sakata haan yah bandish jaroor hai ki jaise ki aapakee ej jo hai vah atthaarah ke oopar honee chaahie jaise ki hamaare bainkon mein yah hai ki jin kee ej 18 ke oopar ho gaee hai vahee matalab baink mein akaunt khulava sakate hain vayask jo hote hain vahee jo hai baink mein apana akaunt khulava sakate hain haalaanki skolaraship jo milatee hai kolej ke dvaara khulavaaya jaata hai vah bhee jo hai isee ke antargat aata hai lekin bhaarat sarakaar skolaraship detee hai unhen aage pradaan karane ke lie tum ka khaata jee se khul jaata hai lekin phir bhee kandeeshan har jagah yahee laagoo hota hai ki bachcha samajhadaar ho gaya ho bachche ko yah cheej kee jaanakaaree honee chaahie kis tareeke se traanjaikshan hota hai baink kise kahate hain baink mein kya kaam hota hai in sab kee jaanakaaree honee chaahie sem vahee pojeeshan jo hai hamaare sheyar maarket mein bhee hotee hai jahaan par bhee sem pojeeshan laagoo hota hai phrend aisa nahin hai ki ameer log hee is mein invest kar sakate hain gareeb log nahin kar sakate reejan yah hota send ki jaise ki ham baink mein koee paisa investament karate hain to hamaaree agar nahin jaanakaaree bhee hai to bhee koee baat nahin hotee hamaara paisa jo hai jama kar die to vah sikyor rahega baink isakee phul gaarantee detee hai sheyar maarket jo hota hai vah ekadam bahan kee tarah hee hota hai lekin yahaan par paisa aap jab karate hain lagaate hain vah aapaka sikyor nahin hota agar aapake paas jaanakaaree nahin hai ki sheyar maarket mein paisa investament kaise kiya jaata hai sheyar maarket mein paisa kaise lagaaya jaata hai yahaan se prophit kaise nikaalee jae sakatee hai kab sheyar jo hai jahaan par aata hai kab isaka jo hai utaar hota hai in sab kee jaanakaaree agar aapake paas nahin hai to aapaka paisa jo hai guddoo bhee sakata hai aur prophit bhee aap kama sakate hain jaise ki hamane kaee logon ko dekha use ek baar unhonne paisa to laga diya lekin jaanakaaree na hone ke kaaran unaka saara ka saara paisa jo hai vo toot jaata hai vaheen doosaree or jo hai paisa laga diya aur kismat unaka saath de gaee to unaka paisa jo hai dabal ho jaata hai sheyar maarket agar mein seedhee see bhaasha mein phrend kaho to ek prakaar ka jua hai jo aapakee kismat par nirbhar karata hai aur kismat ke saath-saath aapako jaanakaaree honee chaahie kaee kaee baar aisa hota phrend sheyar maarket ke jaanakaar log bhee yah nahin samajh paate ki is prakaar se kab utaar-chadhaav hona hai kis prakaar se kab kya karana hai kyonki isamen anu lagaana hota phir anumaan ke taur par hee lagaana hotee hai hamane koee loot liya maalee jee mainne koee mobail liya mobail kampanee mein mainne investament kiya kisee mobail kampanee mein aur main yah anumaan lagaata hoon ki 1 saal baad ya 6 maheene baad ya phir ek haphte baad is kampanee kee jo inakam hogee vah dabal hogee isamen hamen investament karana chaahie agar phrend aapaka anumaan hee sahee nikala ek haphte baad ya phir 1 maheene baad us kampanee kee jo hai tarnovar jo hai dabal hotee hai tab to aapako beniphit milata hai kyonki aapakee soch jo hai aapaka anumaan jo hai sahee nikalata hai lekin agar aapane yah anumaan lagaaya hua hai ki kampanee kee tarnovar jyaada hogee aur kaheen aisa ho gaya ki kisee kandeeshan ke bajaay oopar hone kee bajaay usakee jo shaadee thee usakee jo inakam thee vah dabal hone ke ajay jo hai aadhee ho gaee los ho gaee kampanee jo hai ghaate mein chalee gaee to aapaka jo paisa rahata hai vah bhee usee mein doob jaata hai in sab jaanakaaree jab tak mere paas nahin rahatee hai ki kaun see kampanee kis prakaar se laabh praapt karatee hai kab tak laabh praapt karatee hai yah bahut hee gaharee adhyayan ka jo hai chitr bataen pent kyonki isamen bina adhyayan kie jo hai ham agar vaisa lagaate hain vah jokhim se bhara hota hai aadamee myoochyooal phand ka prachaar edavartaijament dekha hoga to prachaar deta hai usake baad yah baat vah khud kahata hai ki myoochual phand jo hai jokhimon ke adheen hai krpaya isamen paisa lagaane se poorv dastaavejon ko achchhee tareeke se padh le kya hai kis kandeeshan se hai taaki agar aap kal kuchh los hota hai too kampanee ke oopar na jae usaka vaahan aap khud hee karen dhanyavaad

#भारत की राजनीति

bolkar speaker
मैग्मा क्या होता है और कैसे बनता है?Magma Kya Hota Hai Aur Kaise Banta Hai
Raghvendra  Tiwari Pandit Ji Bolkar App
Top Speaker,Level 22
सुनिए Raghvendra जी का जवाब
Unknown
1:07
अनफ्रेंड नमस्कार जैसा कि आपका प्रश्न है मैग्मा क्या होता है और कैसे बनता है एक ही फ्रेंड मैग्मा जो होता है वह चट्टानों का पिल्ला हुआ रूप होता है जिसकी रचना ठोस आधी पिघली अथवा पूरी तरह पगली चट्टानों के द्वारा होती है जो पृथ्वी की सतह के नीचे निर्मित होता है मैग्मा के बाहर निकलने वाली रूप को फ्रेंड लावा कहते हैं मैग्मा की शीतलन द्वारा आग्नेय चट्टानों का निर्माण होता है जब मैग्मा जमीनी सतह के ऊपर आकर लावा के रूप में ठंडा होकर जमता है तो वहीं विधि और जब सतह के नीचे ही जम जाता है तो अंत भेदी अंतर्वेदी अग्नि चट्टान का निर्माण करती है सामान्यता ज्वालामुखी विस्फोट में फ्रेंड मैग्मा का लावा के रूप में निकलना एक प्रमुख वैज्ञानिक क्रिया के रूप में चिन्हित किया जाता है तो आशा है सेंड कि आप सभी को यह जवाब पसंद आया होगा शुक्रिया धन्यवाद
Anaphrend namaskaar jaisa ki aapaka prashn hai maigma kya hota hai aur kaise banata hai ek hee phrend maigma jo hota hai vah chattaanon ka pilla hua roop hota hai jisakee rachana thos aadhee pighalee athava pooree tarah pagalee chattaanon ke dvaara hotee hai jo prthvee kee satah ke neeche nirmit hota hai maigma ke baahar nikalane vaalee roop ko phrend laava kahate hain maigma kee sheetalan dvaara aagney chattaanon ka nirmaan hota hai jab maigma jameenee satah ke oopar aakar laava ke roop mein thanda hokar jamata hai to vaheen vidhi aur jab satah ke neeche hee jam jaata hai to ant bhedee antarvedee agni chattaan ka nirmaan karatee hai saamaanyata jvaalaamukhee visphot mein phrend maigma ka laava ke roop mein nikalana ek pramukh vaigyaanik kriya ke roop mein chinhit kiya jaata hai to aasha hai send ki aap sabhee ko yah javaab pasand aaya hoga shukriya dhanyavaad

#खेल कूद

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क्रिकेट में गेंद की गति को कैसे मापा जाता है?Cricket Mein Gend Ki Gati Ko Kaise Mapa Jaata Hai
Raghvendra  Tiwari Pandit Ji Bolkar App
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Unknown
1:59
हेलो फ्रेंड नमस्कार जैसा कि आपका प्रश्न है क्रिकेट में गेंद की गति को कैसे मापा जाता है देखी फ्रेंड क्रिकेट की मैच की गति को दो प्रकार से नापा जाता है फ्रेंड पहली जो तकलीफ होती है रागनियां स्पीड गण कहा जाता है रेड आर्गन की मदद से फ्रेंड गीत की गति को सही रूप में मापा जाता है जिस तरह से किसी कार की स्पीड को मापा जाता है ठीक वैसे ही गेंदबाज के हाथ से छुट्टी हुई कैद की गति को एक खास तकनीक की मदद से जो है ना आते हैं प्रिंट बता दे फ्रेंड की याह गण डॉक्टर डॉप्लर प्रभाव पर कार्य करती है उसे और स्पीड कार में एक रिसीवर और एक ट्रांसमीटर लगा होता है स्पीड बैंकॉक साइट स्क्रीन के पास एक ऊंचे खंभे पर लगा दिया जाता है जहां से स्पीड गण पिच की दिशा में एक सूक्ष्म तरंग भेजता है और पिच पर किसी भी वस्तु की करे जो गतिविधि होती है जो खेल रहे होते हैं उनकी सूचना प्रदान करता है फिर और सूचना प्राप्त होते ही सूचना को प्रोसेसिंग सॉफ्टवेयर की मदद से गीत की गति को गत के रूप में जो है बता दिया जाता है दूसरी प्रणाली कि अगर हम बात करें तो फ्रेंड से हाथ आई कंप्यूटर पर लाली कहां जाता है यह क्रिकेट के अलावा टेनिस फुटबॉल और अन्य विभिन्न खेलों में आधिकारिक तौर पर काम में ली जाती है फ्रेंड क्रिकेट में सबसे पहले इस तकनीक का इस्तेमाल साल दो हजार 119 था या एक अचूक उपकरण है फ्रेंड या 5 किलोमीटर के दायरे के भीतर की सटीक गणना जो है बहुत ही अच्छी तरीके से कर सकता है फ्रेंड हाय आई तकनीक जो है गीत की गति को बिल्कुल सही तरीके से किसका मापन करता है तो आशा है कि आप सभी को यह जवाब पसंद आया होगा धन्यवाद
Helo phrend namaskaar jaisa ki aapaka prashn hai kriket mein gend kee gati ko kaise maapa jaata hai dekhee phrend kriket kee maich kee gati ko do prakaar se naapa jaata hai phrend pahalee jo takaleeph hotee hai raaganiyaan speed gan kaha jaata hai red aargan kee madad se phrend geet kee gati ko sahee roop mein maapa jaata hai jis tarah se kisee kaar kee speed ko maapa jaata hai theek vaise hee gendabaaj ke haath se chhuttee huee kaid kee gati ko ek khaas takaneek kee madad se jo hai na aate hain print bata de phrend kee yaah gan doktar doplar prabhaav par kaary karatee hai use aur speed kaar mein ek riseevar aur ek traansameetar laga hota hai speed bainkok sait skreen ke paas ek oonche khambhe par laga diya jaata hai jahaan se speed gan pich kee disha mein ek sookshm tarang bhejata hai aur pich par kisee bhee vastu kee kare jo gatividhi hotee hai jo khel rahe hote hain unakee soochana pradaan karata hai phir aur soochana praapt hote hee soochana ko prosesing sophtaveyar kee madad se geet kee gati ko gat ke roop mein jo hai bata diya jaata hai doosaree pranaalee ki agar ham baat karen to phrend se haath aaee kampyootar par laalee kahaan jaata hai yah kriket ke alaava tenis phutabol aur any vibhinn khelon mein aadhikaarik taur par kaam mein lee jaatee hai phrend kriket mein sabase pahale is takaneek ka istemaal saal do hajaar 119 tha ya ek achook upakaran hai phrend ya 5 kilomeetar ke daayare ke bheetar kee sateek ganana jo hai bahut hee achchhee tareeke se kar sakata hai phrend haay aaee takaneek jo hai geet kee gati ko bilkul sahee tareeke se kisaka maapan karata hai to aasha hai ki aap sabhee ko yah javaab pasand aaya hoga dhanyavaad

#टेक्नोलॉजी

Raghvendra  Tiwari Pandit Ji Bolkar App
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Unknown
2:55
हेलो फ्रेंड्स नमस्कार जैसा कि आपका प्रश्न है घड़ी की सुई हमेशा दाएं और ही क्यों घूमती है इसके साथ कौन सा वैज्ञानिक तर्क जुड़ा है देखे फ्रेंड आपका जो क्वेश्चन है बहुत ही लाजवाब है इसका उत्तर देने से पूर्व में आप सभी को थोड़ा सा बचपन की दुनिया में ले जाना चाहता हूं दिखे फ्रेंड जब हम क्लास में काफी चेक करवानी होती थी तो समय बहुत देरी से जो है चलने लगता था घड़ी की सुई ऊपर ही हमारा ध्यान रहता था अक्षर मन में ऐसा लगा रहता था कि कि इस सुई को एक रस्सी से अपने कंधे से बादलों और फिर बहुत तेजी से दौड़ हो इस दौड़ से शायद सुई की तेज हुई भी तेज हो जाए और यह मेरे अतीत की जेब से निकली हुई फ्रेंड्स एक कैब यादें हैं अरे के पास समय को लेकर अलग-अलग तरह की यादें होती है फ्रेंड और हमेशा आपने देखा होगा कि घड़ी की सुई एक ही दिशा ई और बड़ी रहती है यानी समय एक ही दिशा की ओर बढ़ता है इसके पीछे भी कुछ कारण है और मैं उन्हीं कार्यों को आपके सामने रखने जा रहा हूं फ्रेंड फ्रेंड हमारे पूर्वज के समय में एक ही खड़ी थी वह किस सूर्य वैसे तो परछाई के सहारे समय का अंदाजा लगाया करते थे मिस्र के लोगों ने परछाई के जरिए समय का पता लगाने का तरीका जो है याद किया था लेकिन ग्रीक लोगों ने परछाई से पहले भी एक राज के साथ समय का पता लगाने की शुरुआत की थी वह सत्ता के उस मैटेलकोर रखते थे और उसकी परछाई जहां तक जाती थी वहां तक उसको देखकर वह समय का पता लगा देते प्राचीन समय में जो लोग उत्तरी गोलार्ध में रहते थे उन्होंने क्लाकवाइज सिस्टम बनाया था लेकिन उन लोगों को अपने सन डायल में खड़े होने पर उतरी गोलार्ध से सूर्य पश्चिम से पूर्व की ओर जाता प्रतीत होता था परंतु ऐसा नहीं था उत्तरी गोलार्ध के लोगों ने ही परछाई के साथ समय देखने की शुरुआत की थी तब से क्लॉक वाइज सिस्टम पश्चिम से पूर्व की ओर चल रहा है अगर दक्षिण गोलार्ध में रह रहे लोग इसे लेकर पहल करते तो शायद पूर्व से पश्चिम की ओर चलने वाला क्लॉक वाइज सिस्टम इजाज करते तो शायद आज हमारी घड़ी भी दूसरी दिशा की ओर दौड़ रही होती क्योंकि दक्षिण गोलार्ध के आसमान का सूर्य जो है वह पश्चिम से पूर्व की दिशा की ओर बढ़ता है दिखता है और उत्तरी गोलार्ध से पश्चिम से पूर्व दिशा में अगर जवाब पसंद आए फ्रेंड तो आपका एक लाइक जरुर चाहिए फ्रेंड और कमेंट करके जरूर बताइएगा फ्रेंड की यह जवाब आपको कैसा लगा तो आशा फ्रेंड की आप सभी को यह जवाब पसंद आया होगा धन्यवाद
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#टेक्नोलॉजी

bolkar speaker
पूर्ण रूप से स्वस्थ व्यक्ति के लक्षण क्या होते हैं?Poorn Roop Se Svasth Vyakti Ke Lakshan Kya Hote Hain
Raghvendra  Tiwari Pandit Ji Bolkar App
Top Speaker,Level 22
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Unknown
5:00
हेलो फ्रेंड्स नमस्कार आपका प्रश्न है पूर्ण रूप से स्वस्थ व्यक्ति के लक्षण क्या होते हैं दिखे फ्रेंड बीमारी के दिल अच्छे होते हैं लेकिन स्वस्थ व्यक्ति का किसी प्रकार का कोई लक्षण नहीं होता हम उसी प्रकार से अनजान लगाते हैं अपना कि व्यक्ति जो है उसे किसी प्रकार की कोई प्रॉब्लम ना हो कहीं पर किसी प्रकार का जो है कोई दवा ना चल रहा हो किसी प्रकार की कोई बीमारी ना हो स्वस्थ हो स्वस्थ रहना हम सभी जानते हैं फ्रेंड की बॉडी से भी हेल्थ हो उसका जो है और मानसिक रूप से भी सस्ता फ्रेंड तो हम कहते हैं कि वह व्यक्ति जो है वह स्वस्थ व्यक्ति है लेकिन कहीं न कहीं फ्रेंड किशन किसी प्रकार से हर एक इंसान में जो है कोई कोई बीमारी जरूर रहती है फर्क सिर्फ इतना होता है फ्रेंड से आपको यह चीज एकदम सटकली बता रहा हूं तुम यह चीज मैंने देखी है मैंने एनालिसिस किया है इस बात का कि जो रोग होती है तकलीफ होती है वह हर एक इंसान में रहती है जैसे कि मैं सब पूछ कर आपको बताना चाहता हूं कि जो लोग होती है वह हर एक इंसान में कहीं न कहीं किसी न किसी प्रकार से चाहे झूठी मर्ज हो या फिर बड़ी मस्त होती जरूर फर्क सिर्फ इतना है किसी इंसान में अगर वह अपनी नियमित रूप से जो है बॉडी की जांच कराता है नियमित रूप से खाना पीना खाना पीना हो गया खाता है तो वह जो है बीमार कम पड़ता है स्वस्थ रहता है और अगर कोई व्यक्ति है जो लापरवाही इसके प्रति बढ़ता है तो वह है जो है बीमार पड़ जाता है मैंने कई लोगों को ऐसे देखा है फ्रेंड की उनमें बीमारी जो है नहीं आई है रीजन है इसका यही होता है कि वह नियमित रूप से अपना जो है उनका रूटीन होता है जिन क्या होता है जो उनकी सहेली होती है वह नियमित रूप से है यानी की कंडीशन चाहे जो भी हो नियमित रूप से वो योगा करेंगे नियमित रूप से वह भोजन करेंगे नियमित रूप से अपना नित्य कर्म करेंगे जो भी करना है नियमित रूप से करेंगे और कोई भी बीमारी ना होते हुए भी समय-समय पर वह अपनी बॉडी का चेकअप भी कर आते रहते हैं तो वह व्यक्ति जो होते हैं मैंने कई लोगों को देखा है कि उनमें किसी प्रकार की कोई बीमारी जल्दी नहीं होती है और कुछ लोगों को ऐसे देखा है कि जो हमारे यहां कहा जाता है फ्रेंड की तीन चीजों को कभी छोटा नहीं समझना समझना चाहिए पहला तो कर्ज हो गया अगर आप किस के कर्ज लिए हुए हैं और सोचते हैं कि छोटा सा कार्य है चुका देंगे तो कर्ज धीरे-धीरे बड़े रूप में खो जाता है और आज चुका नहीं पाते और आपको भारी भरकम संपत्ति चुकानी पड़ती है दूसरा हो गया फ्रेंड फर्ज फर्ज फ्रेंड कभी छोटा नहीं या बड़ा नहीं समझना चाहिए कि यह मेरा फर्ज नहीं है यह नहीं करना चाहिए कार्य कोई भी हो अगर आपके लायक है आप उसको करने में सक्षम है तो उसको कर देना चाहिए तीसरा है फ्रेंड मर्ज रोग हो गया कितना भी छोटा से छोटा रो हो हमें इलाज तुरंत कराना चाहिए अगर हम उसे अनदेखा करेंगे वह हमारे ऊपर ही भारी-भरकम जो है वह बीमारी बन सकती है तो कई लोगों को देखा है कि वह बस्ती रूप से बचते बचते आजकल करते करते और एक रोग है जो है उनके पार्टी में आ गया और वह रोग प्रेषित हो गए और उनकी लाइफ क्यों है वह अभी तक सही नहीं हो पाई है तो कहीं कहीं जो होता है फ्रेंड लोग मानसिक रूप से भी बीमार होते हैं और कहीं न कहीं या लोग जो है मानसिक रूप से भी स्वस्थ होते हैं और बॉडी से भी स्वस्थ होते हैं तो आशा है फ्रेंड की आप सभी को इस जवाब पसंद आया होगा आप लोग खुश रहिए स्वस्थ रहिए मस्त रहिए धन्यवाद फ्रेंड राक्षस से रिक्वेस्ट है फ्रेंड के जवाब पसंद आया हो तो प्लीज कमेंट जरूर करिएगा बहुत-बहुत धन्यवाद
Helo phrends namaskaar aapaka prashn hai poorn roop se svasth vyakti ke lakshan kya hote hain dikhe phrend beemaaree ke dil achchhe hote hain lekin svasth vyakti ka kisee prakaar ka koee lakshan nahin hota ham usee prakaar se anajaan lagaate hain apana ki vyakti jo hai use kisee prakaar kee koee problam na ho kaheen par kisee prakaar ka jo hai koee dava na chal raha ho kisee prakaar kee koee beemaaree na ho svasth ho svasth rahana ham sabhee jaanate hain phrend kee bodee se bhee helth ho usaka jo hai aur maanasik roop se bhee sasta phrend to ham kahate hain ki vah vyakti jo hai vah svasth vyakti hai lekin kaheen na kaheen phrend kishan kisee prakaar se har ek insaan mein jo hai koee koee beemaaree jaroor rahatee hai phark sirph itana hota hai phrend se aapako yah cheej ekadam satakalee bata raha hoon tum yah cheej mainne dekhee hai mainne enaalisis kiya hai is baat ka ki jo rog hotee hai takaleeph hotee hai vah har ek insaan mein rahatee hai jaise ki main sab poochh kar aapako bataana chaahata hoon ki jo log hotee hai vah har ek insaan mein kaheen na kaheen kisee na kisee prakaar se chaahe jhoothee marj ho ya phir badee mast hotee jaroor phark sirph itana hai kisee insaan mein agar vah apanee niyamit roop se jo hai bodee kee jaanch karaata hai niyamit roop se khaana peena khaana peena ho gaya khaata hai to vah jo hai beemaar kam padata hai svasth rahata hai aur agar koee vyakti hai jo laaparavaahee isake prati badhata hai to vah hai jo hai beemaar pad jaata hai mainne kaee logon ko aise dekha hai phrend kee unamen beemaaree jo hai nahin aaee hai reejan hai isaka yahee hota hai ki vah niyamit roop se apana jo hai unaka rooteen hota hai jin kya hota hai jo unakee sahelee hotee hai vah niyamit roop se hai yaanee kee kandeeshan chaahe jo bhee ho niyamit roop se vo yoga karenge niyamit roop se vah bhojan karenge niyamit roop se apana nity karm karenge jo bhee karana hai niyamit roop se karenge aur koee bhee beemaaree na hote hue bhee samay-samay par vah apanee bodee ka chekap bhee kar aate rahate hain to vah vyakti jo hote hain mainne kaee logon ko dekha hai ki unamen kisee prakaar kee koee beemaaree jaldee nahin hotee hai aur kuchh logon ko aise dekha hai ki jo hamaare yahaan kaha jaata hai phrend kee teen cheejon ko kabhee chhota nahin samajhana samajhana chaahie pahala to karj ho gaya agar aap kis ke karj lie hue hain aur sochate hain ki chhota sa kaary hai chuka denge to karj dheere-dheere bade roop mein kho jaata hai aur aaj chuka nahin paate aur aapako bhaaree bharakam sampatti chukaanee padatee hai doosara ho gaya phrend pharj pharj phrend kabhee chhota nahin ya bada nahin samajhana chaahie ki yah mera pharj nahin hai yah nahin karana chaahie kaary koee bhee ho agar aapake laayak hai aap usako karane mein saksham hai to usako kar dena chaahie teesara hai phrend marj rog ho gaya kitana bhee chhota se chhota ro ho hamen ilaaj turant karaana chaahie agar ham use anadekha karenge vah hamaare oopar hee bhaaree-bharakam jo hai vah beemaaree ban sakatee hai to kaee logon ko dekha hai ki vah bastee roop se bachate bachate aajakal karate karate aur ek rog hai jo hai unake paartee mein aa gaya aur vah rog preshit ho gae aur unakee laiph kyon hai vah abhee tak sahee nahin ho paee hai to kaheen kaheen jo hota hai phrend log maanasik roop se bhee beemaar hote hain aur kaheen na kaheen ya log jo hai maanasik roop se bhee svasth hote hain aur bodee se bhee svasth hote hain to aasha hai phrend kee aap sabhee ko is javaab pasand aaya hoga aap log khush rahie svasth rahie mast rahie dhanyavaad phrend raakshas se rikvest hai phrend ke javaab pasand aaya ho to pleej kament jaroor kariega bahut-bahut dhanyavaad

#जीवन शैली

bolkar speaker
जो लोग मन मार कर जीते हैं क्या वह जीवन को संतुलित रख पाते हैं?Jo Log Man Maar Kar Jite Hai Kya Vah Jewan Ko Santulit Rakh Pate Hai
Raghvendra  Tiwari Pandit Ji Bolkar App
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Unknown
3:01
हेलो फ्रेंड नमस्कार जैसा कि आपका प्रश्न है जो लोग मन मार कर जीते हैं क्या वह जीवन को संतुलित रख पाते हैं जी नहीं फ्रेंड जो लोग मन मार के जीते हैं वास्तव में वह जिंदगी क्या चीज है जिंदगी में क्या हो सकता है क्या आनंद है उसकी पौष्टिकता में आनंद की प्राप्ति नहीं कर पाते हैं रीजन यह उतर रेंट कि कहीं कहीं कभी किसी की यहां जो है है इन सब चीजों का अभाव होता है कोई जो है है किसी को रुपए पैसे का भाव होता है किसी को परिवार का भाव होता है फ्रेंड तो कंडीशन कुछ अलग अलग होती है तो कुछ लोग इस तरह से नहीं कर पाते लेकिन फ्रेंड कुछ लोगों के पास सरोज सुख संपत्ति होने के बावजूद भी वह नहीं करते हैं लेकिन उसे फ्रेंड अलग कहा जाता है उसे कंजूस कहा जाता है उसे जो है इस श्रेणी में नहीं रखा जाता मन मार कर जीने वाला व्यक्ति को होता है फ्रेंड जैसे कि माली जी कोई व्यक्ति है और उसका मन कह दिया कि आज हम मीठा खाएंगे लेकिन वह मीठा ना खा कर के बहुत ही तलब लगी उसे मीठा खाने की लेकिन वह मीठा नहीं खाया उसने सोचा कि मीठा खाने से बढ़िया है हम अपने कुछ पैसे बचा ले और हमारे भविष्य में काम आएगा तो फ्रेंड कहीं ना कहीं वह है जो होता है वह देख सकते हैं कि कुछ कंडीशन है ऐसी होती हैं जो इंसान को मन मारने पर मजबूर कर देती है नहीं तो फ्रेंड हमें नहीं लगता कोई ऐसा इंसान होगा जो उसका मंजू करें और वह प्राप्त ना कर पाए तो फ्रेंड कहीं न कहीं मुझे यह चीजें लगती है कि अगर कोई इंसान मर मर के जी रहा है तो उसके पीछे उसका बहुत बड़ा एक कारण है उसकी योग्यता है कि वह उस चीज को लेने में उस चीज को करने में असमर्थ जब वह असमर्थ होता सामर्थ वान होता तो वह मन मार कर कभी नहीं जीता प्रेम और हम उसकी परिस्थिति बसी कहेंगे फ्रेंड की वह जो है उस कारण से जो उसकी जो परिस्थिति हुई रही हो उस कारण से पहला ऐसा जो आनंद है वह पूरी तरीके से नहीं ले पाता है तो आशा है फ्रेंड कि आप सभी को यह जानकारी पसंद आई होगी धन्यवाद
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